Godda: गोड्डा: बिहार और झारखंड की सीमा पर स्थित गेरूवा नदी में देर रात बालू माफिया (Sand Mafia) और अवैध बालू चोरों ने जमकर तांडव मचाया. अवैध बालू खनन रोकने पहुंची बिहार के बांका जिला पुलिस पर माफियाओं ने न सिर्फ पथराव किया, बल्कि धौरैया थाना के दारोगा प्रदीप कुमार चौधरी की बेरहमी से पिटाई भी कर दी. इस दौरान हमलावर पुलिस द्वारा जब्त किए गए बालू लदे ट्रैक्टर को भी जबरन छुड़ाकर झारखंड की सीमा में फरार हो गए.
आधी रात को 30 ट्रैक्टरों के साथ धावा
जानकारी के अनुसार, घटना सदर अंचल के सौर और धौरैया थाना क्षेत्र के अंतर्गत पहसाना गांव के पास गेरूवा नदी की है. एक जुलाई की रात करीब 11 बजे झारखंड के गोड्डा जिला अंतर्गत मुफस्सिल थाना क्षेत्र के सौर व आसपास के गांवों से लगभग 30 खाली ट्रैक्टर अवैध बालू खनन के उद्देश्य से बिहार के धौरैया थाना क्षेत्र के पहसाना गांव की सीमा में दाखिल हुए थे. बांका पुलिस को जैसे ही सीमावर्ती नदी में बड़े पैमाने पर अवैध खनन की गुप्त सूचना मिली, धौरैया थाना की पुलिस टीम तुरंत कार्रवाई के लिए रवाना हो गई. मौके पर पहुंचने पर पुलिस ने देखा कि झारखंड की तरफ से आए करीब तीन दर्जन ट्रैक्टर गेरूवा नदी के घाट से बालू उठाव में लगे हुए थे. पुलिस बल ने त्वरित कार्रवाई करते हुए घेराबंदी की और अवैध खनन में लिप्त एक ट्रैक्टर को मौके पर ही जब्त कर लिया. इसी बीच, बालू माफियाओं ने स्थानीय स्तर पर अपने सहयोगियों को इसकी सूचना दे दी. कुछ ही देर में बड़ी संख्या में लाठी-डंडों और पत्थरों से लैस बालू माफिया और उनके समर्थक मौके पर गोलबंद हो गए. पुलिस टीम को अकेला और संख्या में कम पाकर माफियाओं ने अचानक पथराव शुरू कर दिया. इस हमले में सब इंस्पेक्टर प्रदीप कुमार चौधरी गंभीर रूप से घायल हो गए. अराजकता का फायदा उठाकर हमलावर जब्त किए गए ट्रैक्टर को भी पुलिस के चंगुल से छुड़ाकर ले भागे.

सीमावर्ती क्षेत्र का फायदा उठाकर भागे आरोपी
घटना की गंभीरता को देखते हुए बांका से अतिरिक्त पुलिस बल को मौके पर भेजा गया. चूंकि यह इलाका दोनों राज्यों (बिहार-झारखंड) की सीमा पर स्थित है, इसलिए झारखंड की तरफ से भी स्थानीय पुलिस सीमावर्ती क्षेत्र में पहुंच गई. भारी पुलिस बल को आता देख बालू माफिया अंधेरे का फायदा उठाकर अपने ट्रैक्टरों के साथ झारखंड की सीमा के भीतर भाग खड़े हुए.
आधा दर्जन से अधिक नामजद माफियाओं पर प्राथमिकी दर्ज
बांका पुलिस ने गोड्डा जिला के सौर गांव और आसपास के करीब आधा दर्जन से अधिक मुख्य बालू माफियाओं के खिलाफ नामजद और कई अज्ञात के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज की है. जिनमें लगन मंडल, चंदन यादव, प्रदीप यादव, सुबोध यादव, संजय यादव, चंद्रशेखर यादव, मुन्ना मंडल, राजेश यादव का भांजा और मिसू खान शामिल हैं.


