Simdega: जलडेगा प्रखंड के टिनगिना पंचायत अंतर्गत चिरोडांड बस्ती में सड़क नहीं होने की समस्या एक बार फिर सामने आई है. बुधवार सुबह गांव की निवासी जितनी देवी (पति फगुआ बड़ाईक) की अचानक तबीयत बिगड़ गई. गैस्ट्रिक और तेज बुखार के कारण उनकी हालत गंभीर हो गई थी तथा वे ठीक से बात भी नहीं कर पा रही थी. ऐसे में गांव तक सड़क नहीं होने के कारण परिजनों और ग्रामीणों को मजबूरन मरीज को खाट पर लादकर करीब आधा किलोमीटर पैदल सड़क तक पहुंचाना पड़ा. इसके बाद उन्हें निजी वाहन से इलाज के लिए मुनू पटनायक, राउरकेला ले जाया गया.
बरसात के दिनों में एंबुलेंस जैसी आवश्यक सेवाएं भी गांव तक नहीं पहुंचती
इस घटना के बाद ग्रामीणों में नाराजगी है. उनका कहना है कि चिरोडांड बस्ती तक आज भी सड़क नहीं पहुंची है. बरसात के दिनों में गांव का संपर्क लगभग कट जाता है और एंबुलेंस जैसी आवश्यक सेवाएं भी गांव तक नहीं पहुंच पातीं. ऐसे में किसी भी गंभीर मरीज को खाट पर ढोकर सड़क तक लाना उनकी मजबूरी बन जाती है. ग्रामीण बंधना खड़िया ने बताया कि वे कई बार ‘सरकार आपके द्वार’ कार्यक्रम और स्थानीय जनप्रतिनिधियों के समक्ष सड़क निर्माण की मांग उठा चुके हैं, लेकिन आज तक इस दिशा में कोई ठोस पहल नहीं हुई. उन्होंने कहा कि यदि समय रहते सड़क का निर्माण नहीं कराया गया, तो बरसात के दौरान किसी भी गंभीर मरीज की जान जोखिम में पड़ सकती है.
ग्रामीण रामेश्वर बड़ाईक, मनक बड़ाईक, रामकिशुन कच्छप, सुनिता देवी, दीप्ति सोरेंग, संजय सोरेंग, दीप्ति देवी एवं लक्ष्मी देवी ने भी प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से चिरोडांड बस्ती तक जल्द से जल्द सड़क निर्माण कराने की मांग की है, ताकि भविष्य में किसी को इलाज के लिए इसतरह की कठिन परिस्थितियों का सामना न करना पड़े.
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