सिमडेगा: कोलेबिरा प्रखंड क्षेत्र के लचरागढ़ प्रिंस चौक स्थित देवी गुड़ी मंदिर प्रांगण में आयोजित तीन दिवसीय अखंड हरि कीर्तन सह यज्ञ धार्मिक महोत्सव के दूसरे दिन नामकरण संस्कार के साथ कार्यक्रम की शुरुआत की गई. वैदिक मंत्रोच्चार के बीच अखंड हरि कीर्तन प्रारंभ हुआ.
पूजा अनुष्ठान पुरोहित पंडित प्रमोद पंडा, जगरनाथ पंडा, प्रदीप पंडा, पवन शर्मा तथा जापक भुनेश्वर पंडा, अवधेश पाढ़ी, मदन पंडा और रंजीत पंडा द्वारा विधिवत संपन्न कराया गया. वहीं यजमान के रूप में फिरू महतो और उनकी धर्मपत्नी नलिनी देवी ने पूजा में भाग लिया.

कार्यक्रम में लचरागढ़ कुम्हार टोली, राम जड़ीबस्ती, टुटीकेल, कारीमाटी, चटकटोली, केलुगा, परबा, माता रानी चैती दुर्गा पूजा समिति, लचरागढ़ खास कीर्तन मंडली, राउरकेला, झपला, तुरबुंगा सहित कई कीर्तन मंडलियों ने भजन-कीर्तन प्रस्तुत किया.
अखंड हरि कीर्तन में बड़ी संख्या में महिला, पुरुष, युवक, युवतियां और बच्चे शामिल हुए. श्रद्धालु भगवा ध्वज लेकर कीर्तन करते हुए मंदिर प्रांगण पहुंचे. पारंपरिक वाद्य यंत्रों और भजन-कीर्तन से पूरा क्षेत्र भक्तिमय माहौल में डूब गया.
कार्यक्रम के अंतिम दिन 21 मार्च, शनिवार को नगर भ्रमण, पूर्णाहुति और भंडारा के साथ यज्ञ महोत्सव का समापन होगा.
इस आयोजन को सफल बनाने में माता रानी चैती दुर्गा पूजा समिति और ग्रामीणों की अहम भूमिका रही. समिति ने अधिक से अधिक श्रद्धालुओं से कार्यक्रम में शामिल होकर यज्ञ को सफल बनाने की अपील की है.
