रांची: पश्चिम बंगाल में आगामी विधानसभा चुनाव 2026 को शांतिपूर्ण और निष्पक्ष तरीके से संपन्न कराने के लिए झारखंड और पश्चिम बंगाल की पुलिस ने कमर कस ली है. चुनाव के दौरान अंतर-राज्यीय सीमाओं पर सुरक्षा व्यवस्था पुख्ता करने और अपराधियों पर नकेल कसने के लिए कल यानि 20 फरवरी दोपहर एक बजे एक महत्वपूर्ण इंटर-स्टेट कोऑर्डिनेशन मीटिंग आयोजित की जाएगी.

वर्चुअल मोड के जरिए होगी बैठक
यह बैठक वर्चुअल मोड के जरिए होगी, जिसमें झारखंड के आईजी ऑपरेशन के साथ-साथ रांची, धनबाद, जमशेपुर, बोकारो, साहेबगंज, जामताड़ा, दुमका, पाकुड़, सरायकेला और रामगढ़ जिले के एसएसपी, एसपी शामिल होंगे. पश्चिम बंगाल के बांकुरा रेंज के आईजी के अनुरोध पर झारखंड डीजीपी कार्यालय द्वारा यह आदेश जारी किया गया है.
इन एजेंडा बिंदुओं पर होगी विस्तृत चर्चा
इंटेलिजेंस शेयरिंग: रियल-टाइम आधार पर खुफिया जानकारी साझा करना और त्वरित संचार के लिए नोडल अधिकारियों की नियुक्ति.
नक्सल चुनौती: सीमावर्ती क्षेत्रों में वामपंथी उग्रवाद की स्थिति की समीक्षा और साझा एक्शन प्लान तैयार करना.
चेक-पोस्ट एक्टिवेशन: अवैध हथियारों, ड्रग्स, शराब और नकदी की तस्करी रोकने के लिए ‘मिरर इमेज’ बॉर्डर चेक-पोस्ट को सक्रिय करना.
अपराधियों पर नकेल: अंतर-राज्यीय वांछित अपराधियों, फरार वारंटियों और हिस्ट्रीशीटर्स का डेटा साझा कर उनके खिलाफ संयुक्त छापेमारी करना.
जॉइंट ऑपरेशन: सीमावर्ती जंगलों और संवेदनशील इलाकों में दोनों राज्यों की पुलिस द्वारा संयुक्त अभियान चलाना.
फोर्स मूवमेंट: मतदान कर्मियों और सुरक्षा बलों की सीमा पार आवाजाही को सुगम और सुरक्षित बनाना.
अन्य सुरक्षा मुद्दे: चुनाव को प्रभावित करने वाले किसी भी अन्य स्थानीय मुद्दे पर चर्चा होगी.

