स्वास्थ्य विभाग में 100 करोड़ का घोटाला, बाबूलाल मरांडी ने गिनाईं अनियमितताएं, कहा- ‘सीबीआइ करेगी दूध का दूध, पानी का पानी’

Ranchi: नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने स्वास्थ्य विभाग में फैले कथित भ्रष्टाचार को लेकर कई गंभीर आरोप लगाए हैं. मंगलवार को भाजपा...

Ranchi: नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने स्वास्थ्य विभाग में फैले कथित भ्रष्टाचार को लेकर कई गंभीर आरोप लगाए हैं. मंगलवार को भाजपा प्रदेश कार्यालय में आयोजित प्रेस कांफ्रेस में मरांडी ने स्वास्थ्य विभाग के कॉर्पोरेशन (जेएमएचआइडीपीसीएल) को लूट और टेंडर डकैती का अड्डा’ करार देते हुए पूरे मामले की सीबीआई जांच कराने की मांग की है. उन्होंने तंज कसा कि राज्य में भ्रष्टाचार अब शिष्टाचार’ का रूप ले चुका है, जिसके लिए अब शब्द भी कम पड़ रहे हैं.

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तीन बड़े घोटालों और अनियमितताओं को उजागर किया

नियमों की धज्जियां उड़ाकर सेवा विस्तार: जेएमएचआइडीपीसीएल में कंसलटेंट शैलेंद्र श्रीवास्तव की नियुक्ति पर सवाल उठाते हुए उन्होंने कहा कि बिना मुख्यमंत्री की स्वीकृति के नियमों के खिलाफ जाकर उन्हें चौथे और पांचवें वर्ष का सेवा विस्तार दिया गया.

सड़ गईं एम्बुलेंस, करोड़ों की दवाएं एक्सपायर: जून 2022 में 55.58 करोड़ की लागत से खरीदी गईं. 206 एम्बुलेंस एक साल तक नामकुम में खड़ी-खड़ी सड़ गईं. अब फिर से 2026 में 237 नई एम्बुलेंस के लिए 80 करोड़ का नया टेंडर निकाल दिया गया. यही नहीं, कॉर्पोरेशन के गोदामों में मरीजों के हक की करोड़ों रुपये की जीवनरक्षक दवाएं बिना इस्तेमाल के एक्सपायर हो गईं.

अयोग्य कंपनियों को रेवड़ी की तरह बांटे ठेके: कोविड काल में 24 करोड़ की ऑक्सीजन टैंक परियोजना में बिना अनुभव वाली और कम टर्नओवर वाली चहेती कंपनियों को तकनीकी रूप से योग्य बताकर करोड़ों के ठेके दे दिए गए.

स्वास्थ्य मंत्री और सचिव भी आएं जांच के दायरे मेः बाबूलाल मरांडी ने न सिर्फ इस पूरे ऑडिट की रिपोर्ट सार्वजनिक करने और मुकदमा दर्ज करने की मांग की, बल्कि इसमें स्वास्थ्य मंत्री और स्वास्थ्य सचिव की भूमिका की भी सीबीआई जांच कराने पर जोर दिया. उन्होंने कहा कि जिस दिन झारखंड में भाजपा की सरकार बनेगी, इन तमाम गड़बड़ियों के दोषियों को जेल भेजा जाएगा. इस दौरान प्रेस वार्ता में प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव और मीडिया सह प्रभारी योगेन्द्र प्रताप सिंह भी मौजूद रहे.

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