Dhanbad: झारखंड में बाल तस्करों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में सोमवार को सुरक्षा एजेंसियों और सामाजिक संस्थाओं को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है. धनबाद रेलवे स्टेशन पर एक त्वरित और सुनियोजित कार्रवाई करते हुए वास्कोडिगामा एक्सप्रेस से तस्करी कर ले जाए जा रहे तीन नाबालिग बच्चों को सुरक्षित रेस्क्यू कर लिया गया है. इस पूरी कार्रवाई से रेलवे स्टेशन पर कुछ समय के लिए हड़कंप मच गया. फिलहाल, तीनों बच्चों को सुरक्षित शेल्टर होम भेज दिया गया है.

खुफिया सूचना पर एक्टिव हुई टीमें
इस बड़े रेस्क्यू ऑपरेशन की पटकथा तब लिखी गई, जब ग्रामीण विकास ट्रस्ट (धनबाद) के सचिव शंकर रवानी और जस्ट राइट्स फोर चिल्ड्रन की टीम को पुख्ता इनपुट मिला कि वास्कोडिगामा एक्सप्रेस ट्रेन के जरिए कुछ बच्चों को अवैध रूप से ले जाया जा रहा है. संस्थाओं ने बिना वक्त गंवाए इस संवेदनशील जानकारी को आगे बढ़ाया. सूचना मिलते ही चाइल्ड राइट्स फाउंडेशन (रांची) के सचिव श्री बैद्यनाथ कुमार ने तत्परता दिखाई. उन्होंने मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत इसकी जानकारी रेल मदद, RPF इंडिया और डीजी रेल को दी. उच्च अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद पूरा प्रशासनिक और रेल सुरक्षा तंत्र तुरंत हाई अलर्ट पर आ गया.
धनबाद स्टेशन पर घेराबंदी और रेस्क्यू
जैसे ही वास्कोडिगामा एक्सप्रेस धनबाद रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म पर आकर रुकी, वहां पहले से मुस्तैद आरपीएफ (RPF) और GRP धनबाद की संयुक्त टीम ने ट्रेन की बोगियों में सघन चेकिंग अभियान चलाया. त्वरित कार्रवाई करते हुए टीम ने संदिग्ध परिस्थितियों में ले जाए जा रहे तीनों नाबालिग बच्चों को अपने संरक्षण में ले लिया.
