Ranchi: रांची के रिम्स (RIMS) में लगभग 7 एकड़ अधिग्रहित जमीन की फर्जीवाड़े के जरिये खरीद-बिक्री करने की आरोपी लवली देवी की अग्रिम जमानत याचिका पर एसीबी की विशेष कोर्ट में सुनवाई हुई. पिछली सुनवाई के दौरान कोर्ट ने एसीबी को केस डायरी प्रस्तुत करने का निर्देश दिया था लेकिन एसीबी की ओर से केस डायरी प्रस्तुत नहीं की जा सकी जिसके बाद कोर्ट ने इस मामले की अगली सुनवाई के लिए 10 जुलाई की तिथि निर्धारित करते हुए एसीबी को केस डायरी पेश करने का निर्देश दिया है.
रडार पर हैं 16 सरकारी अधिकारी
इससे पहले ACB ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अप्रेल महीने में इस केस से जुड़े 4 मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार किया था. यह मामला फर्जी वंशावली बनाकर सरकारी जमीन बेचने से जुड़ा है, जिसमें 16 सरकारी अधिकारी-कर्मचारी भी रडार पर हैं. झारखंड हाईकोर्ट के सख्त आदेश के बाद यह जांच की जा रही है.एसीबी अब तक फर्जी वंशावली तैयार करने वाले कार्तिक बड़ाईक, राज किशोर बड़ाईक, चेतन कुमार और राजेश कुमार झा को गिरफ्तार कर चुकी है. अब तक की जांच में यह खुलासा हुआ है कि भू-माफियाओं ने 1964-65 में अधिग्रहित रिम्स की जमीन को फर्जी दस्तावेजों के सहारे निजी संपत्ति बताकर बिल्डरों को बेचा था.

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