Hazaribagh : हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल के मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर गंभीर चिंता जताते हुए अस्पताल प्रबंधन से तत्काल सुधारात्मक कदम उठाने की मांग की है. उन्होंने अस्पताल परिसर में आवारा कुत्तों के जमावड़े और वार्ड बॉय की कमी को मरीजों की सुरक्षा और इलाज व्यवस्था के लिए गंभीर खतरा बताया.
मरीजों का हाल जानने पहुंचे थे अस्पताल
रंजन चौधरी ने बताया कि सांसद मनीष जायसवाल के निर्देश पर वे अस्पताल में भर्ती मरीजों का कुशलक्षेम जानने पहुंचे थे. इसी दौरान मेल ऑर्थो वार्ड की ओर जाते समय अस्पताल की बहुमंजिला इमारत के बरामदे और मुख्य प्रवेश द्वार पर बड़ी संख्या में आवारा कुत्तों का जमावड़ा देखकर उन्होंने गहरी नाराजगी जताई. उन्होंने कहा कि इसी भवन में प्रसूति कक्ष, लेबर ओटी, ऑर्थो ओटी, सर्जरी ओटी, SNCU, महिला OPD सहित ऑर्थोपेडिक और सर्जिकल वार्ड संचालित हैं. ऐसे संवेदनशील स्थानों पर आवारा कुत्तों का खुलेआम घूमना मरीजों, नवजात शिशुओं, गर्भवती महिलाओं और उनके परिजनों के लिए संक्रमण और रेबीज जैसी गंभीर बीमारियों का खतरा पैदा करता है. उन्होंने अस्पताल प्रशासन से पूरे परिसर को तत्काल आवारा कुत्तों से मुक्त कराने की मांग की.
वार्ड बॉय की कमी से मरीजों को हो रही परेशानी
निरीक्षण के दौरान ऑर्थो वार्ड में भर्ती कार्यकर्ता अनिल पासवान से मिलने पहुंचे रंजन चौधरी ने देखा कि एक मरीज को उसके परिजन स्वयं स्ट्रेचर पर ले जाने को मजबूर थे. इस स्थिति पर उन्होंने नाराजगी जताते हुए कहा कि अस्पताल में मरीजों को इस तरह की परेशानी नहीं होनी चाहिए. रंजन चौधरी ने आउटसोर्स एजेंसी राइडर सिक्योरिटी के सुपरवाइजर शैलेंद्र पाठक को सेकंड हाफ के दौरान ऑर्थो वार्ड में पर्याप्त संख्या में वार्ड बॉय की व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि सभी वार्ड बॉय अपने कर्तव्यों का पूरी जिम्मेदारी और संवेदनशीलता के साथ निर्वहन करें ताकि मरीजों को समय पर आवश्यक सहायता मिल सके.
लापरवाही पर उच्च अधिकारियों से शिकायत की चेतावनी
उन्होंने स्पष्ट कहा कि यदि अस्पताल की व्यवस्था में शीघ्र सुधार नहीं हुआ और मरीजों को इसी तरह परेशानियों का सामना करना पड़ा तो पूरे मामले की लिखित शिकायत उच्च अधिकारियों से की जाएगी. जनहित से जुड़े इस मुद्दे पर किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी. रंजन चौधरी ने कहा कि मरीजों को सुरक्षित, स्वच्छ और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना अस्पताल प्रशासन की सर्वोच्च जिम्मेदारी है. उन्होंने अस्पताल प्रबंधन से व्यवस्था को सुदृढ़ करने, सफाई व्यवस्था बेहतर बनाने, आवारा कुत्तों पर नियंत्रण करने तथा वार्ड बॉय की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने की मांग की, ताकि मरीजों और उनके परिजनों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े.
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