Palamu: मेदिनीनगर में आयोजित प्रेस वार्ता में भाजपा नेता और झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी ने NEET, JPSC और JSSC जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं को लेकर अपनी प्रतिक्रिया दी. उन्होंने कहा कि छात्रों के भविष्य से जुड़े मुद्दों पर राजनीति करने के बजाय परीक्षा व्यवस्था को मजबूत, पारदर्शी और भरोसेमंद बनाने की जरूरत है.
NEET परीक्षा को लेकर बोले मरांडी
बाबूलाल मरांडी ने कहा कि इस बार NEET परीक्षा बेहतर तरीके से आयोजित हुई और इसके परिणाम भी संतोषजनक रहे. हालांकि उन्होंने माना कि देश में समय-समय पर पेपर लीक और परीक्षा में गड़बड़ी की घटनाएं सामने आती रही हैं. उन्होंने कहा कि ऐसी व्यवस्था तैयार करने की जरूरत है, जिससे भविष्य में इस तरह की घटनाओं पर पूरी तरह रोक लगाई जा सके.
परीक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता की जरूरत
मरांडी ने कहा कि परीक्षा प्रक्रिया को पूरी तरह सुरक्षित और पारदर्शी बनाया जाना चाहिए, ताकि छात्रों का भरोसा कायम रहे. उन्होंने कहा कि मेहनत करने वाले अभ्यर्थियों के साथ किसी भी तरह का अन्याय नहीं होना चाहिए. परीक्षा से जुड़े विवाद सिर्फ किसी एक राज्य तक सीमित नहीं हैं, बल्कि देश के अलग-अलग हिस्सों में ऐसे मामले सामने आते रहे हैं.
JPSC और JSSC विवाद पर भी रखी राय
झारखंड की प्रतियोगी परीक्षाओं का जिक्र करते हुए बाबूलाल मरांडी ने कहा कि JPSC और JSSC की परीक्षाओं को लेकर भी कई बार सवाल उठ चुके हैं. उन्होंने कहा कि सभी सरकारों को मिलकर परीक्षा प्रणाली में सुधार करना चाहिए, ताकि राज्य के युवाओं का भविष्य सुरक्षित हो सके और उन्हें निष्पक्ष अवसर मिल सके.
बंधु तिर्की के आरोपों पर दिया जवाब
कांग्रेस नेता बंधु तिर्की द्वारा JPSC मामले में उनका नाम लेने पर बाबूलाल मरांडी ने कहा कि अगर किसी के पास उनके खिलाफ कोई ठोस सबूत है तो सरकार जांच कर कार्रवाई करे. उन्होंने कहा कि बिना प्रमाण के लगाए गए आरोपों का कोई महत्व नहीं होता. उन्होंने जांच और निष्पक्ष कार्रवाई का समर्थन करते हुए कहा कि सच्चाई सामने आनी चाहिए.
