SAURAV SINGH
रांची: झारखंड पुलिस महकमे में हाल ही में हुए बड़े पैमाने पर पुलिस अधिकारियों का तबादला हुआ. इस फेरबदल के बीच सबसे ज्यादा चर्चा एक जिले की हो रही है,औद्योगिक नगरी के रूप में विख्यात बोकारो जिला आईपीएस अधिकारियों के लिए शॉर्ट टर्म डेस्टिनेशन बनता जा रहा है. आंकड़ों पर नजर डालें तो साल 2023 के बाद से यहां कोई भी एसपी नौ महीने का कार्यकाल भी पूरा नहीं कर सका है.
जाने तबादलों का चक्र: 2023 से अब तक का लेखा-जोखा
– जुलाई 2023 से लेकर अप्रैल 2026 के बीच बोकारो की कमान चार अलग-अलग आईपीएस अधिकारियों के हाथों में रही, लेकिन किसी को भी लंबी पारी खेलने का मौका नहीं मिला.
– प्रियदर्शी आलोक: 2011 बैच के आईपीएस अधिकारी प्रियदर्शी आलोक ने 27 जुलाई 2023 में कमान संभाली थी. उम्मीद थी कि उनके अनुभव का लाभ जिले को मिलेगा, लेकिन महज सात महीने बाद ही फरवरी 2024 में उनका तबादला हो गया.
– पूज्य प्रकाश: प्रियदर्शी आलोक के बाद पूज्य प्रकाश को जिम्मेदारी सौंपी गई। उन्होंने चुनाव और अन्य चुनौतियों के बीच करीब आठ महीने काम किया, पर 15 अक्टूबर 2024 में उन्हें भी पद छोड़ना पड़ा.
– मनोज स्वर्गीयारी: 15 अक्टूबर 2024 में आए मनोज स्वर्गीयारी का कार्यकाल भी अन्य अधिकारियों की तरह संक्षिप्त रहा. वह केवल सात महीने ही बोकारो की सुरक्षा व्यवस्था देख पाए और 28 मई 2025 में उनकी रवानगी हो गई.
– हरविंदर सिंह: सबसे ताजा मामला हरविंदर सिंह का है, उन्होंने 28 मई 2025 में पदभार लिया था, हालांकि उन्होंने पिछले तीन अधिकारियों की तुलना में थोड़ा अधिक समय (लगभग 9 महीने) बिताया, लेकिन 17 अप्रैल 2026 को हुए तबादले ने इस सिलसिले को बरकरार रखा.
