Dhanbad: जर्मनी के बर्लिन शहर में रह रहे सिंदरी निवासी तूफान मिश्रा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला तूल पकड़ता जा रहा है. मृतक के परिजनों ने उनकी पत्नी पर हत्या का गंभीर आरोप लगाते हुए भारत सरकार और विदेश मंत्रालय से न्याय की गुहार लगाई है. रविवार को धनबाद स्थित गांधी सेवा सदन में आयोजित एक प्रेस वार्ता के दौरान मृतक के भाई आकाश कुमार मिश्रा और पिता तपन मिश्रा ने इस दुखद घटना और उसके बाद की परिस्थितियों का विस्तृत ब्योरा मीडिया के सामने रखा.
क्या है पूरा मामला?
मृतक के भाई आकाश कुमार मिश्रा ने बताया कि 5 जुलाई की शाम तूफान मिश्रा की पत्नी सुवास्मिता मिश्रा ने फोन पर सूचना दी कि तूफान की तबीयत अचानक बहुत खराब हो गई है. हालांकि, इस सूचना के कुछ ही समय बाद उन्होंने परिजनों को तूफान की मृत्यु हो जाने की खबर दे दी. परिवार का कहना है कि सुवास्मिता की बातें शुरू से ही संदिग्ध रही हैं. परिजनों द्वारा अस्पताल, इलाज या मृत्यु के कारणों से जुड़ा कोई दस्तावेज़ या पत्र मांगे जाने पर वह कोई स्पष्ट जानकारी साझा नहीं कर रही हैं और लगातार बातें घुमा रही हैं. इसी असहज रवैये के कारण परिजनों को तूफान की हत्या किए जाने का गहरा संदेह है.
8 महीने के मासूम बच्चे की सुरक्षा पर मंडराया खतरा
प्रेस वार्ता में परिजनों ने न केवल तूफान की मौत की निष्पक्ष जांच की मांग की, बल्कि उनके आठ महीने के मासूम बच्चे की सुरक्षा को लेकर भी भारी चिंता जताई है. परिजनों का आरोप है कि मौजूदा हालात में बच्चे की सुरक्षा खतरे में है, इसलिए जर्मनी की बाल कल्याण संस्था और भारतीय दूतावास की मदद से बच्चे की सुरक्षा तुरंत सुनिश्चित की जानी चाहिए.
4 अगस्त को जर्मनी में अंतिम संस्कार की तैयारी, परिवार में मचा कोहराम
आकाश मिश्रा ने जानकारी दी कि बर्लिन स्थित भारतीय दूतावास (विदेश मंत्रालय के माध्यम से) से उन्हें एक आधिकारिक संदेश मिला है. संदेश के अनुसार, स्थानीय जर्मन अधिकारियों ने तूफान मिश्रा के अंतिम संस्कार के लिए चार अगस्त की तिथि तय की है. वर्तमान में पार्थिव शरीर बर्लिन के एक अस्पताल की मोर्चरी (शवगृह) में रखा गया है. विदेश में अंतिम संस्कार की खबर मिलते ही सिंदरी स्थित पैतृक आवास पर परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है. तूफान के पिता तपन मिश्रा ने इस पूरे मामले को लेकर विदेश मंत्रालय को लिखित आवेदन सौंपकर तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है.
