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EXCLUSIVE – झारखंड पुलिस का बड़ा फैसला:  ATS की कार्य व्यवस्था में बदलाव, अब पूरी तरह CID के अधीन रहकर करेगा काम, गोपनीयता बनाए रखने के सख्त निर्देश

SAURAV SINGH Ranchi: झारखंड में आतंकवाद और संगठित अपराध पर लगाम लगाने के लिए राज्य पुलिस मुख्यालय ने एक बड़ा और महत्वपूर्ण...

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Ranchi: झारखंड में आतंकवाद और संगठित अपराध पर लगाम लगाने के लिए राज्य पुलिस मुख्यालय ने एक बड़ा और महत्वपूर्ण कदम उठाया है. इस संबंध में डीजीपी तदाशा मिश्रा के द्वारा आदेश जारी कर दिया गया है. जारी आदेश के मुताबिक एटीएस की कार्य व्यवस्था को नया रूप दिया गया है. इस नए आदेश के तहत अब एटीएस पूरी तरह से अपराध अनुसंधान विभाग (सीआईडी) के अधीन और निर्देशन में काम करेगा. इसके साथ ही, पुलिस मुख्यालय द्वारा पूर्व में एटीएस के विषय में जारी किए गए सभी पुराने आदेशों को तत्काल प्रभाव से निरस्त  कर दिया गया है.

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सीआईडी के पूर्ण नियंत्रण में रहेगा एटीएस 

जारी आदेश के अनुसार एटीएस अब पूर्ण रूप से सीआईडी के अधीन कार्य करेगा. इसके प्रशासनिक, अनुसंधान, जांच, ऑपरेशन और कोऑर्डिनेशनसे जुड़े सभी कार्य पूरी तरह से सीआईडी के प्रमुख के निर्देशों पर संचालित होंगे.

संगठित अपराधियों के खिलाफ भी होगी कार्रवाई

आदेश में याद दिलाया गया है कि राज्य में आतंकवाद पर प्रभावी नियंत्रण के लिए 21 सितंबर 2015 को एटीएस का गठन किया गया था और 28 जनवरी 2016 को इसके राज्यस्तरीय थाने को अधिसूचित किया गया था. इसके बाद 30 मार्च 2022 को इसमें संगठित अपराध कोषांग का गठन किया गया था, जिसके तहत एटीएस को पूरे राज्य में संगठित अपराधियों के खिलाफ कानून सम्मत कार्रवाई करने का अधिकार है.

आईजी ऑपरेशन के निर्देशन में काम करेंगे एसपी

एटीएस का मुख्य उद्देश्य आतंकवादियों से जुड़े लोगों की गिरफ्तारी करना, स्लीपर सेल का पर्दाफाश करना, आतंकवादी गतिविधियों पर नियंत्रण पाना और आतंकी घटनाओं को रोकना है. आतंकी कृत्यों के बचाव और अभियानों के सफल संचालन के लिए एटीएस एसपी अब आईजी अभियान के निर्देशन में काम करेंगे.सभी मामलों के अनुसंधान के लिए एटीएस पूरी तरह से सीआईडी के अधीन रहेगा. मामलों का प्रभार ग्रहण करने का आदेश, अनुसंधानकर्ता और पर्यवेक्षणकर्ता का निर्धारण करना, सुपरविजन नोट और प्रगति रिपोर्ट की मंजूरी जैसे सभी कार्य अपराध अनुसंधान विभाग की मानक प्रक्रिया के अनुरूप सीआईडी प्रमुख द्वारा कराए जाएंगे.

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गोपनीयता बनाए रखने के सख्त निर्देश

नए पुलिस आदेश में विशेष रूप से निर्देश दिया गया है कि एसटीएस अपने सभी कार्यों और ऑपरेशन्स के प्रति उच्च श्रेणी की गोपनीयता बनाए रखेगा.

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