Pakur: पाकुड़ जिले के मालपहाड़ी ओपी थाना क्षेत्र के सुंदरपहाड़ी गांव में जमीन विवाद को लेकर एक परिवार का सामाजिक बहिष्कार करने का मामला सामने आया है. पीड़ित परिवार के मुखिया चूड़का टुडू ने पुलिस अधीक्षक एसपी से लिखित शिकायत की है. इसके बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है.

विवाह समारोह के दौरान शुरू हुआ विवाद
विवाद की शुरुआत 12 मई को हुई थी. उस दिन चूड़का टुडू के बेटे का विवाह उत्सव चल रहा था और उसी समय गांव में एक व्यक्ति की मृत्यु हो गई थी. ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि मृत्यु के बावजूद विवाह उत्सव में डीजे बजाया गया, जिससे गांव का माहौल खराब हुआ.
इस घटना के बाद ग्राम प्रधान सकल टुडू ने ग्रामीणों के साथ एक बैठक बुलाई. बैठक में चूड़का टुडू और उनके सगे-संबंधियों पर 2 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया. उनके परिवार पर गांव में पानी लेने, दुकानों से सामान खरीदने और 40 बीघा जमीन पर खेती करने पर भी प्रतिबंध लगा दिया गया.
45 बीघा जमीन विवाद से जोड़ रहा पीड़ित परिवार
चूड़का टुडू ने बताया कि उन्हें और उनके परिजनों को गांव में हुई मृत्यु की जानकारी नहीं थी. उन्होंने आरोप लगाया कि यह मामला वास्तव में वर्षों पुराने 45 बीघा जमीन विवाद से जुड़ा है, जिसमें न्यायालय ने उनके पक्ष में फैसला सुनाया था. चूड़का टुडू के अनुसार ग्राम प्रधान उनकी जमीन हड़पने की साजिश रच रहे हैं.
वहीं ग्राम प्रधान सकल टुडू ने चूड़का टुडू द्वारा लगाए गए सभी आरोपों को निराधार बताया. उन्होंने स्वीकार किया कि यह मामला जमीन विवाद को लेकर ही सामने आया है.
दोनों पक्षों को थाने बुलाकर समझौते का प्रयास
चूड़का टुडू की शिकायत के बाद एसपी ने मालपहाड़ी ओपी थाना को आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया. निर्देश मिलते ही पुलिस अवर निरीक्षक मंगल किस्कू पुलिस बल के साथ गांव पहुंचे. उन्होंने मामले की जानकारी ली और दोनों पक्षों को मंगलवार को थाने बुलाया. पुलिस दोनों पक्षों के बीच समझौता कराने का प्रयास कर रही है. घटना के बाद से गांव में सन्नाटा पसरा हुआ है.
पुलिस अवर निरीक्षक मंगल किस्कू ने बताया कि एसपी के निर्देश पर दोनों पक्षों को आज थाना बुलाकर मामला सुलझाने का प्रयास किया जा रहा है. उन्होंने उम्मीद जताई कि यह मामला सुलझ जाएगा.
