Gumla: केंद्र सरकार एवं दिल्ली पुलिस द्वारा लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी,कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा,कांग्रेस सांसदों,नेताओं और छात्रों के खिलाफ की गई कथित कार्रवाई के विरोध में गुरुवार को जिला कांग्रेस कमेटी गुमला के तत्वावधान में कचहरी परिसर स्थित हड़ताली वृक्ष के समीप एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया. धरना में झारखंड राज्य अल्पसंख्यक आयोग के उपाध्यक्ष एवं प्रदेश से गुमला जिला प्रभारी बनाकर भेजे गए शमशेर आलम मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए. कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजनील तिग्गा ने की.
केंद्र सरकार लोकतांत्रिक मूल्यों को लगातार कमजोर करने का काम कर रही
धरना को संबोधित करते हुए शमशेर आलम ने कहा कि केंद्र सरकार लोकतांत्रिक मूल्यों को लगातार कमजोर करने का काम कर रही है. उन्होंने आरोप लगाया कि छात्रों की आवाज दबाने, विपक्ष के नेताओं को निशाना बनाने और शांतिपूर्ण लोकतांत्रिक आंदोलनों पर पुलिस बल का प्रयोग करना लोकतंत्र के लिए गंभीर खतरा है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस अन्याय और दमन के खिलाफ हमेशा सड़क से लेकर संसद तक संघर्ष करती रहेगी तथा युवाओं और छात्रों के अधिकारों की रक्षा के लिए हर स्तर पर आवाज उठाएगी.
विपक्ष की आवाज दबाने का प्रयास
जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजनील तिग्गा ने कहा कि राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा सहित कांग्रेस नेताओं पर की गई कार्रवाई पूरी तरह अलोकतांत्रिक और दुर्भावनापूर्ण है. उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार जनता के वास्तविक मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए विपक्ष की आवाज दबाने का प्रयास कर रही है. उन्होंने कहा कि देश के युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है और प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार हो रही अनियमितताओं ने लाखों छात्रों का भरोसा तोड़ा है. कांग्रेस इस अन्याय के खिलाफ जनआंदोलन जारी रखेगी. धरना के बाद कांग्रेस नेताओं ने उपायुक्त के माध्यम से महामहिम राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा. ज्ञापन में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग, नीट परीक्षा में हुई कथित अनियमितताओं एवं व्यवस्थागत विफलताओं पर संसद में चर्चा कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई तथा नई दिल्ली में छात्रों और शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों के विरुद्ध दर्ज सभी एफआईआर एवं आपराधिक मामलों को तत्काल वापस लेने की मांग की गई.
