Hazaribagh : जिला में मानसून की पहली अच्छी बारिश के साथ ही खरीफ खेती ने रफ्तार पकड़ ली है. लंबे समय से बारिश का इंतजार कर रहे किसानों को राहत मिली है. खेतों में पानी भरने के बाद अब जिले के सभी 16 प्रखंडों में धान रोपाई का कार्य शुरू हो गया है. जहां कुछ क्षेत्रों में रोपाई शुरू हो चुकी है. वहीं कई गांवों में किसान खेत तैयार करने, बिचड़ा उखाड़ने और रोपाई की तैयारी में जुटे है. बारिश के बाद खेतों में फिर से रौनक लौट आई है और ग्रामीण क्षेत्रों में कृषि गतिविधियां तेज हो गई है. इसमें हजारीबाग सदर, बरही, बरकट्ठा, चौपारण, कटकमसांडी, कटकमदाग, इचाक, दारू, चुरचू, बड़कागांव, केरेडारी, विष्णुगढ़, टाटीझरिया, पदमा, चलकुशा और बिष्णुगढ़ प्रखंडों में किसान खेतों में उतर चुके है. कई स्थानों पर महिलाओं और पुरुषों की टोली पारंपरिक तरीके से धान की रोपाई करती नजर आ रही है.
अच्छी बारिश से बढ़ी बेहतर उत्पादन की उम्मीद
कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि अगर आने वाले दिनों में नियमित और संतुलित वर्षा होती रही, तो इस वर्ष धान की अच्छी पैदावार होने की पूरी संभावना है. समय पर रोपाई होने से उत्पादन बढ़ेगा और किसानों की आय में भी वृद्धि होगी.

कृषि विभाग की किसानों को सलाह
कृषि विभाग ने किसानों से उन्नत एवं प्रमाणित बीज, संतुलित उर्वरकों का उपयोग, जल संरक्षण और वैज्ञानिक खेती अपनाने की अपील की है. साथ ही मौसम के अनुसार खेती करने और अनावश्यक जलभराव से बचने की भी सलाह दी है.
ग्रामीण अर्थव्यवस्था में लौटेगी रौनक
धान रोपाई शुरू होने से ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर बढ़ेंगे. खेतों में मजदूरों की मांग बढ़ने के साथ स्थानीय बाजारों में भी चहल-पहल बढ़ेगी. खरीफ सीजन के आगमन से जिले की ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई गति मिलने की उम्मीद है.
किसानों में उत्साह का माहौल
पहली अच्छी बारिश के बाद जिला भर के किसानों में उत्साह देखा जा रहा है. उनका कहना है कि अगर मौसम का साथ मिलता रहा तो इस वर्ष धान की फसल बेहतर होगी. खेतों में हरियाली लौटने के साथ गांवों में भी खुशहाली की उम्मीद बढ़ गई है.


