Jamtara: उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी आलोक कुमार की अध्यक्षता में गुरुवार को समाहरणालय सभागार में जिला खनन टास्क फोर्स की बैठक आयोजित की गई. बैठक में अवैध खनन, खनिज परिवहन एवं अवैध व्यापार की रोकथाम को लेकर व्यापक समीक्षा की गई तथा संबंधित अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए गए. उपायुक्त ने कहा कि जिले में बालू, कोयला और पत्थर के अवैध खनन एवं परिवहन पर हर हाल में रोक लगाई जाए. उन्होंने सभी अंचल अधिकारियों, थाना प्रभारियों और खनन विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे अवैध खनन के हॉट स्पॉट क्षेत्रों को चिह्नित कर नियमित औचक निरीक्षण करें और दोषियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई सुनिश्चित करें.
एनजीटी के आदेश का पालन कराने पर जोर
बैठक में उपायुक्त ने 10 जून से 15 अक्टूबर तक नदी घाटों से बालू उत्खनन पर लगाए गए राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) के प्रतिबंधात्मक आदेश का अक्षरशः पालन कराने पर जोर दिया. उन्होंने स्पष्ट कहा कि इस मामले में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी. कोयला परिवहन के दौरान बिना तिरपाल ढंके डंपरों के परिचालन पर नाराजगी जताते हुए उपायुक्त ने ईसीएल प्रबंधन को सख्त कार्रवाई करने का निर्देश दिया. साथ ही कोयला ढुलाई में लगे वाहनों के फिटनेस प्रमाणपत्र एवं अन्य दस्तावेजों की नियमित जांच करने को कहा गया. मानकों के अनुरूप नहीं पाए जाने वाले वाहनों पर नियमानुसार कार्रवाई करने का निर्देश भी दिया गया.

30 मामलों में कार्रवाई, 32 वाहन जब्त
बैठक में बंद पड़ी खदानों में अवैध खनन की रोकथाम, अवैध मुहानों को ध्वस्त करने, ड्रोन के माध्यम से निगरानी बढ़ाने तथा चेकपोस्ट व्यवस्था को और प्रभावी बनाने पर भी चर्चा हुई. समीक्षा के दौरान बताया गया कि चालू वित्तीय वर्ष में अवैध खनिज परिवहन और खनन से जुड़े 30 मामलों में कार्रवाई करते हुए 32 वाहनों को जब्त किया गया है तथा 9.35 लाख रुपये से अधिक जुर्माना वसूला गया है. बैठक में अनुमंडल पदाधिकारी अनंत कुमार, जिला परिवहन पदाधिकारी मुकेश कुमार, प्रभारी जिला खनन पदाधिकारी आनंद कुमार, खान निरीक्षक अखिलेश कुमार, ईसीएल एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित थे.


