Jamtara: जिले में लगातार हो रही बारिश के कारण कुंडहित प्रखंड क्षेत्र के गढ़शिमला गांव में हिंगलो नदी का जलस्तर बढ़ गया है. नदी का पानी बढ़ने से प्रसिद्ध गढ़शिमला काली मंदिर परिसर में पानी प्रवेश कर गया. मंदिर परिसर में जलजमाव के साथ मंदिर के अंदर भी पानी पहुंचने से पुजारियों और श्रद्धालुओं की परेशानी बढ़ गई है. पानी भरने के कारण नियमित पूजा-पाठ और धार्मिक अनुष्ठान भी प्रभावित हुए हैं.
मंदिर में पानी घुसने से पूजा-पाठ प्रभावित
मंदिर परिसर में पानी जमा होने के कारण साफ-सफाई और पूजा कराने में पुजारियों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. वहीं, पूजा-अर्चना के लिए मंदिर पहुंचने वाले श्रद्धालुओं का आवागमन भी प्रभावित हुआ है. पानी के कारण श्रद्धालुओं को मंदिर परिसर में प्रवेश करने में परेशानी हो रही है.
बरसात में हर साल सामने आती है समस्या
ग्रामीणों के अनुसार, बरसात के मौसम में हिंगलो नदी का जलस्तर बढ़ने के साथ मंदिर परिसर में पानी घुसने की समस्या सामने आती है. ग्रामीणों ने प्रशासन से मंदिर परिसर में जल निकासी की स्थायी व्यवस्था कराने की मांग की है. साथ ही नदी का पानी भविष्य में मंदिर परिसर में प्रवेश न करे, इसके लिए आवश्यक कदम उठाने की मांग की गई है.
आस्था का प्रमुख केंद्र है गढ़शिमला काली मंदिर
ग्रामीणों ने बताया कि गढ़शिमला काली मंदिर क्षेत्र के लोगों की आस्था का प्रमुख केंद्र है. यहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु पूजा-अर्चना के लिए पहुंचते हैं. ऐसे में मंदिर में पानी घुसने की समस्या का स्थायी समाधान जरूरी है, ताकि श्रद्धालुओं और पुजारियों को परेशानी न हो और पूजा-पाठ सुचारु रूप से जारी रह सके.
जामताड़ा में 74.32 मिमी बारिश दर्ज
इधर, सोमवार को जामताड़ा जिले में 74.32 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई. लगातार बारिश के कारण जिले के कई इलाकों में जलस्तर बढ़ने के साथ जलजमाव की स्थिति बनी हुई है. इससे ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों की परेशानी बढ़ गई है.
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