Ranchi: JPSC-JSSC को लेकर जारी छात्र आंदोलन अब राजनीतिक बयानबाजी के केंद्र बनता जा रहा है. कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा रांची में आंदोलन कर रहे छात्रों से फोन पर बातचीत किए जाने के बाद भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने उन पर निशाना साधा है. उन्होंने राहुल गांधी की छात्र नेताओं से हुई बातचीत को राजनीतिक दिखावा बताते हुए कहा कि असली सवाल छात्रों से बात करने का नहीं, बल्कि सरकार से उनकी मांगें पूरी कराने का है. आदित्य साहू ने कहा कि झारखंड में सरकार कांग्रेस के समर्थन से चल रही है. ऐसे में राहुल गांधी को आंदोलनकारी छात्रों से फोन पर बात करने के बजाय मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से सीधे बात करनी चाहिए थी. उन्होंने सवाल उठाया कि अगर कांग्रेस सरकार पर प्रभाव रखती है, तो उसे छात्रों की मांगों पर सरकार से ठोस कदम क्यों नहीं उठवाना चाहिए.
CM पर दबाव डालें, छात्रों पर नहीं
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि छात्रों की प्रमुख मांगों में परीक्षा से जुड़े मामलों की सीबीआई जांच शामिल है. ऐसे में राहुल गांधी को मुख्यमंत्री पर दबाव बनाकर इस मांग पर कार्रवाई करवाने की पहल करनी चाहिए थी. उन्होंने कहा कि छात्रों की समस्याओं का समाधान बातचीत के दिखावे से नहीं, बल्कि सरकार से निर्णय करवाने से होगा. उनके मुताबिक, राहुल गांधी अगर वास्तव में छात्र आंदोलन के पक्ष में हैं तो उन्हें राज्य सरकार के सामने यह मुद्दा मजबूती से उठाना चाहिए.

सरकार से बात नहीं कर सकते तो समर्थन पर फैसला लें
आदित्य साहू ने राहुल गांधी को लेकर एक और सवाल खड़ा करते हुए कहा कि अगर वह कांग्रेस के समर्थन से चल रही झारखंड सरकार से छात्रहित में इतनी-सी मांग भी नहीं मनवा सकते, तो उन्हें यह स्पष्ट करना चाहिए कि कांग्रेस सरकार के साथ क्यों बनी हुई है. उन्होंने कहा कि राहुल गांधी को सरकार से समर्थन वापस लेने की घोषणा करनी चाहिए. अगर राज्य सरकार छात्रों की मांगों पर कार्रवाई नहीं करती है.


