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कोयलांचल का सियासी महाभारत: अरूप चटर्जी और ढुल्लू महतो के बीच मर्यादाओं का हुआ अंत, आरोपों से दहला अखाड़ा, विधायक ने परवरिश से लेकर दुबई कनेक्शन तक के खोले कई राज

Ranchi: कोयलांचल इन दिनों सिर्फ खदानों की आग से नहीं, बल्कि सियासी पारावार की उस तपिश से जल रही है, जिसने शिष्टाचार...

Koyla Nchal's political epic: Arup Chatterjee and Dullu Mahato break down decorum, accusations rock the arena, MLA reveals secrets ranging from upbringing to Dubai connection
विधायक अरूप चटर्जी

Ranchi: कोयलांचल इन दिनों सिर्फ खदानों की आग से नहीं, बल्कि सियासी पारावार की उस तपिश से जल रही है, जिसने शिष्टाचार के सारे पैमाने पिघला दिए हैं. निरसा के विधायक अरूप चटर्जी और सांसद ढुल्लू महतो के बीच छिड़ी जुबानी जंग अब उस मुकाम पर है, जहां मर्यादाएं धूल फांक रही हैं और आरोप शब्दकोश की सारी सीमाएं लांघ चुके हैं. धनबाद का सर्किट हाउस इन दिनों प्रेसवार्ता का ऐसा अखाड़ा बन चुका है, जहां विकास की बात कम और किरदार की धज्जियां ज्यादा उड़ाई जा रही हैं.

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टकला-कछुआ बनाम गैंगस्टर कनेक्शन

इस लड़ाई की शुरुआत सांसद ढुल्लू महतो की उस टिप्पणी से हुई, जिसमें उन्होंने विधायक अरूप चटर्जी को टकला और कछुआ कहकर संबोधित किया था. इस पर पलटवार करते हुए अरूप चटर्जी ने ऐसा मोर्चा खोला कि पूरा धनबाद सन्न रह गया. चटर्जी ने सांसद को घेरा और कहा कि शायद सांसद जी को इतिहास का थोड़ा ज्ञान होता तो उन्हें पता चलता कि श्यामा प्रसाद मुखर्जी से लेकर सरदार पटेल और अमित शाह तक, यह तो मेधावियों की पहचान है. किसी के शारीरिक बनावट पर टिप्पणी करना सांसद की अपनी संकीर्ण मानसिकता और गिरती राजनीतिक गरिमा का प्रमाण है. चटर्जी ने तंज कसते हुए कहा कि धनबाद की जनता का यह दुर्भाग्य ही है कि उन्हें ऐसा जनप्रतिनिधि मिला है जो संसद की गरिमा तो दूर, अपनी भाषा पर भी नियंत्रण नहीं रख पाता.

परवरिश पर साधा निशाना

विधायक अरूप चटर्जी ने केवल जुबानी तीर नहीं चलाए, बल्कि सीधे सांसद की पितृ-भक्ति और परवरिश पर ही सवाल उठा दिए. उन्होंने आरोप लगाया कि सांसद ढुल्लू महतो ने अपने बेटे प्रशांत को शिक्षा और संस्कार देने के बजाय अवैध वसूली का वारिस बना दिया है. चटर्जी ने पूछा कि क्या धनबाद की जनता ने आपको इसलिए चुना था कि आप अपने पुत्र को विरासत में रंगदारी और जमुनिया नदी के अवैध कोयला सिंडिकेट की चाबी थमा दें? चटर्जी ने दावे के साथ कहा कि उनके पास सांसद के बेटे के नाम से चल रहे ईंट-भट्ठे के पुख्ता दस्तावेज हैं, और यह तो बस एक बानगी है. आने वाले समय में ऐसे कई दस्तावेज सार्वजनिक होंगे जो इस अपराध के साम्राज्य की पोल खोल देंगे.

जमुनिया का हफ्ता-सिंडिकेट, 10 हजार प्रति ट्रक का खेल

विधायक ने दावा किया कि जमुनिया नदी के रास्ते गुजरने वाले हर एक ट्रक से 10,000 रुपये की वसूली जा रही है. उन्होंने कहा कि यह कोई छिटपुट वसूली नहीं, बल्कि एक सुनियोजित आर्थिक अपराध है, जिसे पिता-पुत्र की जोड़ी मिलकर ऑपरेट कर रही है. इस पूरे खेल के तार गैंगस्टर प्रिंस खान से जुड़े हैं. उन्होंने चुनौती दी कि यदि जांच एजेंसियों ने ईमानदारी दिखाई, तो सांसद और गैंगस्टर के बीच के पुराने रिश्तों की ऐसी फाइलें खुलेंगी कि पूरा धनबाद का सत्ता-गलियारा हिल जाएगा.

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दुबई कनेक्शन और पासपोर्ट की मांग

चटर्जी ने सांसद पर दुबई कनेक्शन’ के संगीन आरोप भी जड़ दिए. उन्होंने मांग कर दी कि सांसद का पासपोर्ट तुरंत जब्त किया जाए. जो सांसद अपना ज्यादा समय देश में नहीं, बल्कि दुबई जैसे विदेशी ठिकानों पर बिताता हो, वह धनबाद की जनता का दुख-दर्द क्या समझेगा. चटर्जी ने संसद में सीबीआई जांच की चुनौती देते हुए सांसद को घेरा. कहा कि यदि आप पाक-साफ हैं, तो संसद में खुद खड़े होकर अपने नाम की सीबीआई जांच की मांग कीजिए. मैं तो चाहता हूं कि दूध का दूध और पानी का पानी हो जाए.

बेटियों का बचाव और अपराधी’ छवि का आईना

अपनी बेटियों को लेकर की गई सांसद की टिप्पणी पर चटर्जी ने कहा कि मेरी बेटियों ने शिक्षा और मेहनत के दम पर पहचान बनाई है. किसी भी पिता की असली पूंजी उसके बच्चे होते हैं, और मेरी बेटियां मेरा गर्व हैं. लेकिन आप अपने बेटे को किस रास्ते पर ले जा रहे हैं, यह पूरा धनबाद देख रहा है. उन्होंने याद दिलाया कि सांसद के अपने आपराधिक रिकॉर्ड की लंबी फेहरिस्त है और जिन पर मुकदमे दर्ज हों, उन्हें दूसरों पर कीचड़ उछालने से पहले अपने गिरेबां में झांक लेना चाहिए.

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