Pakur:: पाकुड़ सदर अस्पताल का नि:शुल्क डायलिसिस सेंटर इन दोनों गंभीर संकट से गुजर रहा है. अस्पताल में बिजली और पानी की भारी किल्लत के कारण न केवल मरीजों का उपचार बाधित हो रहा है, बल्कि उनकी जान पर भी आफत आ गई है. मरीज और उनके परिजन का कहना है कि डायलिसिस की प्रक्रिया 4 घंटे की होनी चाहिए, जबकि उसे घटाकर डेढ़ से 2 घंटा तक सीमित कर दिया गया है. डायलिसिस करने आए कैलाश महतो ने अपना दर्द बयां करते हुए बताया कि डायलिसिस केवल डेढ़ घंटा ही हो पाया. जरूरत है संबंधित विभाग को मामले को संज्ञान में लेकर डायलिसिस में हो रही परेशानी को दूर करने की.
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