Lohardaga: शुक्रवार से पेट्रोल और डीजल के नए दाम लागू होने के बाद आम लोगों की परेशानी बढ़ गई है. पेट्रोल की कीमत में ₹3.14 प्रति लीटर और डीजल में ₹3.11 प्रति लीटर की बढ़ोतरी की गई है. सीएनजी के दामों में भी इजाफा हुआ है. अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में उछाल और मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव को इसकी मुख्य वजह माना जा रहा है.
पेट्रोल पंपों पर दिखी नाराजगी
शुक्रवार सुबह से ही जिले के पेट्रोल पंपों पर लोग बढ़ी हुई कीमतों को लेकर चर्चा करते नजर आए. वाहन चालकों, ऑटो संचालकों, व्यवसायियों और आम उपभोक्ताओं ने इस बढ़ोतरी पर नाराजगी जाहिर की है. लोगों का कहना है कि पहले से ही महंगाई की मार झेल रहे आम नागरिकों के लिए यह अतिरिक्त बोझ है.

रोजमर्रा की चीजें भी हो सकती हैं महंगी
स्थानीय निवासी सोनू अग्रवाल ने कहा कि पेट्रोल-डीजल की कीमत बढ़ने से ट्रांसपोर्ट खर्च बढ़ता है, जिसका असर खाद्य सामग्री, सब्जी, दूध और अन्य जरूरी वस्तुओं की कीमतों पर पड़ता है. वहीं अब्बू शाद ने कहा कि इसका सबसे ज्यादा असर मध्यम वर्ग और गरीब तबके पर पड़ता है.
ऑटो चालकों की बढ़ी चिंता
जिले में ऑटो और छोटे व्यवसाय से जुड़े लोगों ने भी चिंता जताई है. उनका कहना है कि ईंधन महंगा होने से कमाई पर सीधा असर पड़ेगा. कई ऑटो चालकों ने किराया बढ़ाने की मजबूरी की बात कही है.
सरकार से राहत की मांग
लोहरदगा के लोगों का कहना है कि पहले से ही रसोई गैस और अन्य जरूरी वस्तुएं महंगी हैं. अब ईंधन की कीमत बढ़ने से घरेलू बजट बिगड़ता नजर आ रहा है. लोगों ने सरकार से राहत देने की मांग की है.
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