Ranchi: राजधानी रांची में एक चौंकाने वाला वित्तीय धोखाधड़ी का मामला सामने आया है, जहां एक युवक के नाम पर बिना उसकी सहमति और जानकारी के वाहन लोन उठा लिया गया. मामले का खुलासा तब हुआ जब एक साल बाद रिकवरी एजेंट उससे लोन की वसूली के लिए संपर्क करने लगे. खूंटी जिले के जरियागढ़ थाना क्षेत्र के तिलमी निवासी अमित महतो ने लालपुर थाना में आवेदन देकर इस मामले में प्राथमिकी दर्ज करायी है.

यह भी पढ़ें: गिरिडीह: सड़क हादसे में पिता-पुत्र समेत 3 की दर्दनाक मौत, बाइक सवार को तेज रफ्तार कार ने मारी टक्कर
कैसे हुआ फर्जीवाड़ा
पीड़ित के अनुसार, उसने रांची के करम टोली चौक स्थित राहुल ऑटोमोबाइल्स से एक मोटरसाइकिल खरीदी थी. वाहन खरीद के दौरान शोरूम के एजेंट जयदेव कुमार ने उससे नकद राशि ली, लेकिन कोई रसीद नहीं दी. अमित महतो का कहना है कि उसने कभी किसी प्रकार का वाहन लोन आवेदन नहीं किया और न ही किसी दस्तावेज पर हस्ताक्षर किए. करीब एक वर्ष बाद उसे उस समय इस धोखाधड़ी की जानकारी मिली जब कुछ लोग, जो खुद को हीरो फीन कार्प का प्रतिनिधि बता रहे थे, उससे लोन की वसूली को लेकर संपर्क करने लगे. यह जानकारी पीड़ित के लिए पूरी तरह अप्रत्याशित थी, क्योंकि उसके अनुसार उसने कभी लोन लिया ही नहीं.
एजेंट पर गंभीर आरोप
पीड़ित ने शोरूम के एजेंट जयदेव कुमार (निवासी साहजोड़ी, थाना चंदनक्यारी, जिला बोकारो) पर आरोप लगाया है कि उसने धोखाधड़ी कर उसके नाम पर लोन उठाया. जब इस संबंध में जयदेव कुमार से संपर्क किया गया तो उसने लोन क्लियर कराने का आश्वासन दिया, लेकिन अब वह संपर्क से बाहर है. पीड़ित ने इस पूरे मामले की जानकारी कंपनी को भी दी है और स्पष्ट किया है कि उसने कोई लोन नहीं लिया है. इसके बावजूद अब तक लोन रद्द नहीं किया गया है.
सीजर की चेतावनी से बढ़ी परेशानी
रिकवरी एजेंटों द्वारा वाहन को सीजर करने की बात कहे जाने से पीड़ित मानसिक तनाव में है. इसके अलावा, उसके नाम पर लिए गए इस फर्जी लोन से उसका क्रेडिट स्कोर भी प्रभावित हो रहा है, जिससे भविष्य में उसे बैंकिंग और ऋण लेने में कठिनाई हो सकती है.
