Click Here
Click Here
Click Here

नीट री-एग्जाम से पहले छात्र की बढ़ी मुश्किलें, नागपुर के अभ्यर्थी का सेंटर पहुंचा अबू धाबी

Nagpur: नीट री-एग्जाम को लेकर देशभर के लाखों छात्र तैयारियों में जुटे हैं, लेकिन नागपुर के एक अभ्यर्थी के लिए परीक्षा से...

Nagpur: नीट री-एग्जाम को लेकर देशभर के लाखों छात्र तैयारियों में जुटे हैं, लेकिन नागपुर के एक अभ्यर्थी के लिए परीक्षा से पहले ही नई परेशानी खड़ी हो गई है. छात्र अब्दुल्ला मोहम्मद को जारी किए गए एडमिट कार्ड में परीक्षा केंद्र भारत की बजाय संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के अबू धाबी शहर में दिया गया है. परिवार के अनुसार, छात्र ने पहली बार देश में ही परीक्षा दी थी, इसलिए विदेश में परीक्षा केंद्र आवंटित होने की जानकारी मिलते ही सभी हैरान रह गए. सबसे बड़ी चिंता यह थी कि छात्र के पास विदेश यात्रा के लिए आवश्यक पासपोर्ट तक नहीं है.

हेल्पलाइन से संपर्क के बाद मिली तकनीकी गलती की जानकारी

मामला सामने आने के बाद अभिभावकों ने तुरंत नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) की हेल्पलाइन से संपर्क किया. एजेंसी की ओर से बताया गया कि यह तकनीकी त्रुटि के कारण हुआ है और जल्द ही नया एडमिट कार्ड जारी कर स्थानीय परीक्षा केंद्र उपलब्ध कराया जाएगा. हालांकि परीक्षा की तारीख बेहद करीब होने के बावजूद छात्र को संशोधित एडमिट कार्ड नहीं मिला है. इससे परिवार की चिंता लगातार बढ़ती जा रही है.

WhatsApp Image 2026-06-13 at 2.57.59 PM (1)

विदेश जाने की तैयारी तक करनी पड़ी

अब्दुल्ला के माता-पिता का कहना है कि स्थिति स्पष्ट न होने के कारण उन्हें वैकल्पिक व्यवस्था के बारे में सोचना पड़ा. उन्होंने पासपोर्ट और यात्रा संबंधी औपचारिकताओं की जानकारी जुटानी शुरू कर दी, ताकि जरूरत पड़ने पर छात्र परीक्षा से वंचित न रह जाए. परिवार का कहना है कि परीक्षा में शामिल होने का अवसर खोने के डर से वे हर संभव विकल्प पर विचार कर रहे हैं.

पेपर लीक विवाद के बाद बढ़ा मानसिक तनाव

नीट परीक्षा पहले ही पेपर लीक और पुनर्परीक्षा को लेकर चर्चा में रही है. ऐसे माहौल में परीक्षा केंद्र से जुड़ी इस गड़बड़ी ने छात्र के मानसिक तनाव को और बढ़ा दिया है. अभिभावकों का कहना है कि उनका बेटा पिछले कुछ समय से परीक्षा संबंधी अनिश्चितताओं का सामना कर रहा है और अब यह नई समस्या सामने आ गई है.

Also Read: EXCLUSIVE: एटीएस की रिपोर्ट में बड़ा खुलासा: आतंकी संगठनों के ठिकाने को लेकर पहले भी चर्चा में रहा है लोहरदगा, कई संदिग्ध रडार पर

NTA की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल

आमतौर पर विदेश स्थित परीक्षा केंद्र उन अभ्यर्थियों के लिए निर्धारित किए जाते हैं जो विदेश में रह रहे हों या अंतरराष्ट्रीय श्रेणी में आवेदन करते हों. ऐसे में भारत के एक छात्र को अबू धाबी का केंद्र आवंटित होने की घटना ने एजेंसी की व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं. फिलहाल छात्र और उसका परिवार नए एडमिट कार्ड का इंतजार कर रहा है. परीक्षा से ठीक पहले उत्पन्न हुई यह स्थिति प्रशासनिक चूक और तकनीकी खामियों को लेकर नई बहस छेड़ सकती है.

सम्बंधित ख़बरें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *