सरायकेला: MACP आदेश के विरोध में शिक्षकों का प्रदर्शन, JHAROTEF ने जलाई आदेश की प्रतीकात्मक प्रति

Seraikela: शिक्षकों को MACP (Modified Assured Career Progression) का लाभ नहीं देने संबंधी राज्य सरकार के आदेश के विरोध में सोमवार को...

Seraikela:  शिक्षकों को MACP (Modified Assured Career Progression) का लाभ नहीं देने संबंधी राज्य सरकार के आदेश के विरोध में सोमवार को सरायकेला-खरसावां जिले में शिक्षकों ने प्रदर्शन किया. झारखंड ऑफिसर, टीचर एंड एम्प्लॉयी फेडरेशन (JHAROTEF) के आह्वान पर जिले के शिक्षकों और कर्मचारियों ने आदेश की प्रतीकात्मक प्रति जलाकर विरोध दर्ज कराया.

“घोषणा पत्र का मान करो, शिक्षकों का सम्मान करो” के लगे नारे

जिला मुख्यालय समेत सभी प्रखंडों में JHAROTEF के नेतृत्व में शिक्षक और कर्मचारी एकजुट हुए. प्रदर्शन के दौरान शिक्षकों ने काली पट्टी बांधकर सरकार के फैसले के खिलाफ नारेबाजी की. इस दौरान “शिक्षक भी हैं कर्मचारी, MACP के हैं अधिकारी” और “घोषणा पत्र का मान करो, शिक्षकों का सम्मान करो” जैसे नारे लगाए गए.

JHAROTEF ने सरकार से आदेश वापस लेने की मांग की

प्रदर्शन का नेतृत्व JHAROTEF के प्रांतीय वरिष्ठ उपाध्यक्ष अमित कुमार महतो, प्रदेश प्रवक्ता ब्रजमोहन यादव, जिला अध्यक्ष संतोष कुमार महतो, जिला सचिव जवाहरलाल महतो और जिला कोषाध्यक्ष हरे कृष्णा महतो ने किया.संगठन के नेताओं ने कहा कि MACP केंद्र सरकार की सुनिश्चित करियर प्रगति योजना है, जिसका लाभ अन्य विभागों के कर्मचारियों को मिल रहा है. शिक्षकों को इससे वंचित रखना उनके साथ अन्याय है.

“MACP शिक्षकों का अधिकार, कोई भीख नहीं”

प्रांतीय वरिष्ठ उपाध्यक्ष अमित कुमार महतो ने कहा कि सरकार ने घोषणा पत्र में शिक्षकों और कर्मचारियों के हितों की रक्षा का वादा किया था, लेकिन 24 जुलाई 2026 का आदेश उन वादों के विपरीत है.वहीं प्रदेश प्रवक्ता ब्रजमोहन यादव ने कहा कि MACP शिक्षकों का अधिकार है और सरकार को आदेश वापस लेकर सभी पात्र शिक्षकों को इसका लाभ देना चाहिए.

आंदोलन तेज करने की चेतावनी

JHAROTEF के जिला अध्यक्ष संतोष कुमार महतो ने कहा कि यदि सरकार जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लेती है तो संगठन आंदोलन को और व्यापक एवं निर्णायक बनाएगा.

क्या है MACP योजना?

MACP के तहत 10, 20 और 30 वर्ष की सेवा पूरी करने के बाद पदोन्नति नहीं मिलने की स्थिति में कर्मचारियों को वेतनमान में उन्नयन का लाभ दिया जाता है. शिक्षकों का आरोप है कि 24 जुलाई 2026 के आदेश से उन्हें इस लाभ से बाहर कर दिया गया है, जबकि अन्य कर्मचारियों को यह सुविधा मिल रही है.

शिक्षकों की प्रमुख मांगें

24 जुलाई 2026 का आदेश तत्काल वापस लिया जाए.
सभी पात्र शिक्षकों को MACP का लाभ दिया जाए.
शिक्षकों से जुड़े लंबित मामलों पर सरकार जल्द निर्णय ले.

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