Click Here
Click Here
Click Here

अधिवक्ता महेश तिवारी को झटका: HC ने खारिज की ट्रांसफर पिटीशन, 30 दिनों में आएगा फैसला

रांची: अधिवक्ता महेश तिवारी को झारखंड हाईकोर्ट से बड़ा झटका लगा है. हाई कोर्ट के न्यायाधीश प्रदीप कुमार श्रीवास्तव ने उनकी ट्रांसफर...

रांची: अधिवक्ता महेश तिवारी को झारखंड हाईकोर्ट से बड़ा झटका लगा है. हाई कोर्ट के न्यायाधीश प्रदीप कुमार श्रीवास्तव ने उनकी ट्रांसफर पिटीशन खारिज कर दी है. इसके बाद उनकी कानूनी मुश्किलें बढ़ गई हैं.

दरअसल, 5 जुलाई 2012 को कोर्ट रूम में ही अपनी साथी महिला अधिवक्ता के साथ मारपीट और छेड़खानी का आरोप महेश तिवारी पर है. इस मामले की सुनवाई रांची व्यवहार न्यायालय के जुडिशियल कमिश्नर सार्थक शर्मा की अदालत में चल रही है.

महेश तिवारी ने पहले जिला एवं सत्र न्यायाधीश के समक्ष आवेदन देकर मांग की थी कि उनके मामले की सुनवाई किसी अन्य जिला जज की अदालत में कराई जाए. हालांकि जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने यह अर्जी खारिज करते हुए 30 दिनों के भीतर फैसला सुनाने का निर्देश दिया था. इसी आदेश को हाई कोर्ट में चुनौती दी गई थी, जिसे अब खारिज कर दिया गया है.

Also Read: अमन साहू का करीबी कुख्यात आकाश राय को राहत नहीं, HC में सुनवाई टली, 10 मार्च को अगली तारीख

30 दिनों में आएगा फैसला

हाई कोर्ट के आदेश के बाद अब 30 दिनों की समय-सीमा शुरू हो गई है. इस अवधि के भीतर यह तय होगा कि महेश तिवारी दोषी हैं या बरी किए जाते हैं. यदि दोषी पाए गए तो उन्हें जेल भी जाना पड़ सकता है.

पहले भी रहे हैं विवादों में

यह पहला मामला नहीं है जब महेश तिवारी विवादों में रहे हों. पिछले वर्ष झारखंड हाई कोर्ट के एक न्यायाधीश के साथ कथित दुर्व्यवहार को लेकर उनके खिलाफ अवमानना की कार्यवाही शुरू हुई थी. बाद में उन्होंने सुप्रीम कोर्ट में जाकर माफी मांग ली थी.

उस दौरान सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के दौरान न्यायमूर्ति सूर्यकांत ने टिप्पणी की थी कि यदि वे न्यायाधीशों के सामने आंखें दिखाना चाहते हैं तो दिखा सकते हैं, हम यहां बैठे हैं और सब देख रहे हैं.

अब सबकी नजर 30 दिनों के भीतर आने वाले फैसले पर टिकी है, जो अधिवक्ता महेश तिवारी के भविष्य को तय करेगा.

add1
सम्बंधित ख़बरें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *