Ranchi: झारखंड के छह प्रमुख जिलों में वैध तरीके से बालू खनन का कार्य आधिकारिक रूप से शुरू कर दिया गया है. राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण (NGT) के नियमों और पर्यावरण मंजूरी के दिशानिर्देशों का पालन करते हुए फिलहाल 14 बालू घाटों को चालू किया गया है. इस कदम से जहां एक तरफ आम जनता को किफायती दामों पर बालू मिल सकेगी वहीं दूसरी तरफ बालू के अवैध कारोबार और माफियाओं पर लगाम कसने में बड़ी मदद मिलेगी. राज्य के जिन छह जिलों में बालू खनन को हरी झंडी दी गई है, उनमें रांची, दुमका, हजारीबाग, गोड्डा, जमशेदपुर और रामगढ़ जिले शामिल हैं. उक्त जिलों के 14 बालू घाटों पर फिलहाल बालू खनन का कार्य शुरू हुआ है. पिछले काफी समय से बालू घाटों के बंद होने या टेंडर प्रक्रिया में देरी के कारण राज्य में बालू की कृत्रिम किल्लत पैदा हो गई थी. इसका सीधा फायदा बालू माफिया उठा रहे थे और रात के अंधेरे में अवैध खनन को अंजाम दे रहे थे.
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बालू की कीमतों में गिरावट आने की उम्मीद
वैध घाटों के खुलने से अब बाजार में बालू की उपलब्धता बढ़ेगी जिससे इसकी कीमतों में भारी गिरावट आने की उम्मीद है. इसके साथ ही सरकारी और निजी निर्माण कार्यों को गति मिलेगी जो बालू की कमी के कारण कछुआ गति से चल रहे थे.
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