Palamu: जिले के रामगढ़ प्रखण्ड के छितरा राजकीय उत्क्रमित मध्य विद्यालय मे कई साल बाद लौटे एक पारा शिक्षक की बहाली को लेकर विवाद और गहरा हो गया है. अब यह मामला ग्राम शिक्षा समिति और पूर्व शिक्षक के बीच सीधे टकराव का रूप ले चुका है.
वे वापस काम पर आना चाहते हैं
दरसअल शिक्षक श्रीकांत शर्मा 2 अप्रैल 2014 तक इस स्कूल मे पढ़ाते थे. उसके बाद वे एक मामले मे जेल चले गए थे. जेल जाने के बाद उस समय की ग्राम समिति ने बैठक कर उन्हे पद से हटा दिया था. अब श्रीकांत शर्मा साल दो हजार अठारह मे ही जेल से छूट गए थे. लेकिन अब साल दो हजार छब्बीस में अचानक वे स्कूल पहुंचे है और समिति पर दोबारा रखने का भारी दबाव बना रहे है. श्रीकांत शर्मा का आरोप है कि स्कूल समिति ने उन्हे झूठ बोलकर निकाला है. उनका कहना है कि उन्हे बिना बताए हटाया गया, इसलिए वे वापस काम पर आना चाहते है.

बच्चों का भविष्य खराब हो सकता है
दूसरी तरफ, वर्तमान ग्राम शिक्षा समिति और गांव के लोगो का कहना है कि यह स्कूल पूरी तरह समिति के सहयोग से चलता है. शिक्षक के जेल जाने के बाद बच्चो की पढ़ाई प्रभावित न हो, इसलिए पुरानी समिति ने उन्हे सेवा से मुक्त किया था. उनके हटने के बाद से अब तक स्कूल बहुत ही सुचारू और अच्छे ढंग से चल रहा है. वर्तमान समिति का साफ कहना है कि यह पूर्व शिक्षक बच्चो को सही तरीके से पढ़ा नहीं पाएगा, जिससे बच्चो का भविष्य खराब हो सकता है. बच्चो के भविष्य और स्कूल के बेहतर माहौल को देखते हुए वर्तमान समिति और गांव के लोग उन्हे दोबारा स्कूल मे रखने के पक्ष मे बिल्कुल नहीं है.
AlsoRead:एक वोट की कीमत तुम क्या जानो बाबू, झारखंड राज्यसभा चुनाव में उधार के सिंदूर पर टिकी कांग्रेस की साख
