रांची: डोरंडा के राजा रानी कोठी स्थित झारखंड सीआईडी के के संघ कार्यालय परिसर में एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया. रविवार को आयोजित हुए यह बैठक में सीआईडी कोऑपरेटिव में हुए कथित बहुत बड़े घोटाले और लंबे समय से लंबित जमीन वितरण के मुद्दे को लेकर बुलाई गई थी. बैठक में मुख्य रूप से सीआईडी कोऑपरेटिव के भीतर हुई वित्तीय अनियमितताओं और सदस्यों के साथ हुई धोखाधड़ी पर चर्चा की गई. संघ के सदस्यों ने इस बात पर गहरा रोष व्यक्त किया कि विभाग के भीतर ही कोऑपरेटिव के नाम पर एक बड़े घोटाले को अंजाम दिया गया, जिससे कई पुलिस कर्मियों और उनके परिवारों का भविष्य अधर में लटक गया है. इस बैठक के दौरान घोटाले के साक्ष्यों पर विमर्श किया गया और सर्वसम्मति से इसके विरुद्ध अंतिम निर्णय लिया गया. सदस्यों का कहना है कि अब यह लड़ाई केवल शिकायतों तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि दोषियों की जवाबदेही तय करने के लिए ठोस कानूनी और प्रशासनिक कदम उठाए जाएंगे. सीआईडी मुख्यालय के प्रांगण में आयोजित इस सभा में बड़ी संख्या में पीड़ित सदस्य शामिल हुए. पीड़ित सदस्यों ने मांग की कि जिन जमीनों के लिए उन्होंने अपनी गाढ़ी कमाई निवेश की है, उनका पारदर्शी तरीके से वितरण तत्काल शुरू किया जाए.



