Click Here
Click Here

बोकारो थर्मल पावर प्लांट की क्षतिग्रस्त पाइपलाइन की मरम्मत का कार्य शुरू, डीवीसी प्रबंधन ने ली राहत की सांस

Bermo: बेरमो अनुमंडल के बोकारो थर्मल पावर प्लांट से ऐश पौंड तक जाने वाली पाइपलाइन के अंतर्गत निशन हाट से मुर्गी फार्म...

Bermo: बेरमो अनुमंडल के बोकारो थर्मल पावर प्लांट से ऐश पौंड तक जाने वाली पाइपलाइन के अंतर्गत निशन हाट से मुर्गी फार्म तक के क्षतिग्रस्त पाइपों की मरम्मत का कार्य डीवीसी प्रबंधन द्वारा आखिरकार शुरू कर दिया गया है. गोविंदपुर के रैयतों एवं ग्रामीणों के साथ हुई सकारात्मक वार्ता के बाद ही यह कार्य आरंभ हो सका है. गौरतलब है कि उक्त स्थान पर पाइपों के मरम्मत कार्य को ग्रामीणों ने पिछले डेढ़ वर्षों से रोक रखा था. इससे पूर्व, कार्य आरंभ करवाने को लेकर बेरमो के तत्कालीन एसडीएम मुकेश मछुआ के निर्देश पर प्रतिनियुक्त दंडाधिकारी घनश्याम रजक, पुलिस बल, सीआईएसएफ तथा डीवीसी के इंजीनियरों व अधिकारियों के साथ दो बार मौके पर पहुंचे थे, परंतु ग्रामीणों ने मुआवजा और नियोजन की मांग को लेकर कार्य नहीं होने दिया था.

ग्रामीण नए नियोजन की मांग तो कर ही रहे थे, साथ ही पूर्व में कार्यरत तीन स्थानीय लोगों को काम से हटा दिए जाने के कारण भी बेहद नाराज थे. उस दौरान प्रतिनियुक्त दंडाधिकारी ने भी दोनों पक्षों को आपस में बैठकर स्थायी समाधान निकालने का निर्देश दिया था.

WhatsApp Image 2026-06-13 at 2.57.59 PM (1)

ग्रामीणों से सहमति बनने के बाद शुरू हुआ मरम्मत कार्य

मामले को सुलझाते हुए डीवीसी प्रबंधन ने कार्य से हटाए गए तीनों ग्रामीणों को पुनः कार्य पर रखने और उनका गेट पास बनवाने की सहमति दी, जिसके बाद ही ग्रामीणों ने कार्य शुरू करने की अनुमति दी. शनिवार को वरीय प्रबंधक (मैकेनिकल) रजत शुभ्रा डे और प्रकाश कुमार की देखरेख में चार नंबर पाइपलाइन की मरम्मत का कार्य शुरू किया गया. कार्य स्थल पर संवेदक के सुपरवाइजर संजय गिरी के नेतृत्व में वेल्डर संजय यादव, फिटर नारायण प्रजापति, टीनू यादव, मुकेश कुमार और इजहार कुरैशी समेत पूरी टीम मुस्तैदी से जुटी रही.

ALSO READ: डीसी एवं एसपी ने चाईबासा जेल का किया निरीक्षण, सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा

पुरानी पाइपलाइन से बढ़ रही थी पर्यावरणीय चिंता

ज्ञात हो कि रैयतों एवं ग्रामीणों द्वारा लगातार किए जा रहे विरोध के कारण छह पाइपलाइनों में से महज दो नंबर पाइपलाइन के सहारे ही पौंड में ऐश डिस्पोजल का कार्य किया जा रहा था. इस स्थिति में डीवीसी प्रबंधन हमेशा आशंकित रहता था कि यदि चालू पाइपलाइन भी फट गई, तो पावर प्लांट को बंद करने की नौबत आ सकती है.

चार नंबर पाइपलाइन की मरम्मत पूरी होने के बाद क्रमशः तीन, पांच एवं छह नंबर पाइपलाइनों की मरम्मत का कार्य भी शुरू किया जाएगा. पाइपलाइन काफी पुरानी होने के कारण अक्सर फटने की घटनाएं होती रहती थीं, जिससे छाई (ऐश) बहकर सीधे कोनार नदी में चली जाती थी. नदी के प्रदूषित होने की इस घटना से डीवीसी प्रबंधन को पर्यावरण के मोर्चे पर काफी फजीहत का सामना करना पड़ता था. हालांकि, अब डीवीसी की इस पाइपलाइन को पूरी तरह बदलने की निविदा (टेंडर) प्रक्रिया भी संपन्न हो चुकी है और जल्द ही संबंधित संवेदक द्वारा नई पाइपलाइन बिछाने का कार्य शुरू कर दिया जाएगा. फिलहाल, इस महत्वपूर्ण मरम्मत कार्य के शुरू हो जाने से डीवीसी प्रबंधन ने बड़ी राहत की सांस ली है.

सम्बंधित ख़बरें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *