Chakradharpur: चिरिया अंतर्गत दुबिल माइंस में विभिन्न मांगों को लेकर पिछले दस दिनों से आंदोलनरत ग्रामीणों से मिलने रविवार को सांसद जोबा मांझी पहुंचीं . इस दौरान उन्होंने ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं और समाधान का आश्वासन दिया . आंदोलनकारी ग्रामीणों ने सांसद को अपनी मांगों का ज्ञापन सौंपते हुए सहयोग की अपील की .ग्रामीणों ने स्पष्ट कहा कि यदि उनकी मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार नहीं किया गया तो आंदोलन जारी रहेगा.
जल्द ही की जाएगी त्रिपक्षीय बैठक आयोजित
करीब एक घंटे चली वार्ता के दौरान यह सहमति बनी कि जल्द ही एक त्रिपक्षीय बैठक आयोजित की जाएगी . इस बैठक में सांसद, माइंस प्रबंधन और ग्रामीण प्रतिनिधि शामिल होंगे। त्रिपक्षीय वार्ता के बाद ही आगे की कार्रवाई पर निर्णय लिया जाएगा ग्रामीणों की प्रमुख मांगों में दुबिल माइंस में स्थानीय बेरोजगार युवाओं को रोजगार में प्राथमिकता देना, गांव के 200 युवक-युवतियों को रोजगार उपलब्ध कराना, प्रभावित बंजर जमीन का मुआवजा खतियान के आधार पर देना और गांव के आठ चापाकलों पर सौर ऊर्जा आधारित जलमीनार स्थापित करना शामिल है.

दस दिनों से धरने पर बैठे हैं ग्रामीण
गौरतलब है कि आंदोलनकारी ग्रामीण पिछले दस दिनों से माइंस के मुख्य गेट के सामने टेंट लगाकर धरने पर बैठे हैं, जिससे खनन और अन्य कार्य प्रभावित हो रहे हैं.मौके पर ग्राम मुंडा रामलाल चांपिया, दुलाल आइंद, गुरा मुर्मू, निशा आइंद, सुनील हांसदा समेत बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे.
ALSO READ :गिरिडीह: विवादित जमीन को लेकर दो पक्ष आमने-सामने, पुलिस की तत्परता से टला बड़ा विवाद


