कोडरमा DVC से बिना सूचना दिए पानी छोड़े जाने का आरोप, किसानों ने फसल बर्बादी का लगाया आरोप

Koderma: कोडरमा थर्मल पावर प्लांट की निर्माणाधीन 800×800 मेगावाट परियोजना से सोमवार, 7 जुलाई को दोपहर लगभग 12 बजे से 1 बजे...

फसल नुकसान
फसल नुकसान

Koderma: कोडरमा थर्मल पावर प्लांट की निर्माणाधीन 800×800 मेगावाट परियोजना से सोमवार, 7 जुलाई को दोपहर लगभग 12 बजे से 1 बजे के बीच बिना सूचना दिए अचानक भारी मात्रा में पानी छोड़े जाने का स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है. स्थानीय लोगों ने बताया कि इस पानी से किसानों को भारी नुकसान हुआ है.

कई एकड़ खेत जलमग्न, धान के बीज और फसलें नष्ट होने का दावा

अचानक छोड़े गए पानी के कारण कई एकड़ कृषि भूमि जलमग्न हो गई और खेत नदी-नाले का रूप ले बैठे. किसानों द्वारा तैयार किए गए धान के बीज तथा अन्य फसलें पूरी तरह नष्ट हो गईं. तेज बहाव के साथ खेतों में बालू और मिट्टी भर जाने से कृषि भूमि भी बर्बाद हो गई, जिससे भविष्य की खेती पर भी संकट मंडरा रहा है. पीड़ित किसानों का कहना है कि इस घटना से उन्हें लाखों रुपये का आर्थिक नुकसान हुआ है. किसानों ने प्रशासन एवं संबंधित कंपनी से नुकसान का सर्वे कराकर उचित मुआवजा देने और भविष्य में बिना पूर्व सूचना इस प्रकार पानी नहीं छोड़ने की मांग की है.

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