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बोकारो: संभावित सुखे की स्थिति को देखते हुए धान, दलहन आदि बीज मिशन में वितरण की तैयारी

Bokaro: सोमवार को उपायुक्त अजय नाथ झा ने चास स्थित कृषि संयुक्त निदेशालय का औचक निरीक्षण किया. निरीक्षण के दौरान उन्होंने कृषि...

उपायुक्त अजय नाथ झा ने चास स्थित कृषि संयुक्त निदेशालय का औचक निरीक्षण किया

Bokaro: सोमवार को उपायुक्त अजय नाथ झा ने चास स्थित कृषि संयुक्त निदेशालय का औचक निरीक्षण किया. निरीक्षण के दौरान उन्होंने कृषि निदेशालय, उद्यान कार्यालय एवं भूमि संरक्षण कार्यालय की व्यवस्थाओं, साफ-सफाई और अभिलेखों की समीक्षा की. इस दौरान डीडीएम नाबार्ड, जिला कृषि पदाधिकारी, जिला मत्स्य पदाधिकारी, जिला पशुपालन पदाधिकारी, जिला भूमि संरक्षण पदाधिकारी, जिला उद्यान पदाधिकारी, सहायक जनसंपर्क पदाधिकारी सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे.समीक्षा के दौरान जिला कृषि पदाधिकारी ने बताया कि जिले में अब तक सामान्य से लगभग 52 प्रतिशत कम वर्षा दर्ज की गई है. चंदनकियारी, चास और जरीडीह प्रखंडों में वर्षा की स्थिति अपेक्षाकृत कमजोर रही है.

जिले में 52 प्रतिशत कम वर्षा, मिशन मोड में होगा बीज वितरण

संभावित सूखे की स्थिति को देखते हुए उपायुक्त ने धान, दलहन एवं अन्य फसलों के बीज का मिशन मोड में वितरण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया. उन्होंने बताया कि जिले में 208 डीलर प्वाइंट के माध्यम से किसानों तक बीज उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है. उपायुक्त ने टैगिंग एवं वितरण केंद्रों के माध्यम से समयबद्ध बीज वितरण सुनिश्चित करने पर जोर दिया.

किसान सहायता कोषांग और कंट्रोल रूम होंगे आपस में जुड़े

उपायुक्त ने किसानों की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए किसान सहायता कोषांग का व्यापक प्रचार-प्रसार करने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि किसान सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक फोन के माध्यम से शिकायत, सुझाव एवं आवश्यक जानकारी प्राप्त कर सकेंगे. साथ ही जिला कंट्रोल रूम को भी किसान सहायता कोषांग से जोड़ने का निर्देश दिया.

उद्यान और भूमि संरक्षण विभाग को तैयार करनी होगी कार्ययोजना

उद्यान विभाग की समीक्षा के दौरान उपायुक्त ने संभावित सूखे की स्थिति को देखते हुए किसानों के लिए उपयुक्त फसलों एवं पौधों का प्रस्ताव तैयार करने का निर्देश दिया. उन्होंने कृषि विज्ञान केंद्र (केवीके) और जिला उद्यान पदाधिकारी को तीन दिनों के भीतर विस्तृत प्रस्ताव उपलब्ध कराने को कहा. साथ ही किसानों को जल संरक्षण आधारित खेती और मल्चिंग जैसी तकनीकों को अपनाने के लिए प्रेरित करने पर बल दिया. जिला भूमि संरक्षण पदाधिकारी को खेत का पानी खेत में ही संरक्षित रखने के उद्देश्य से प्रभावी कार्ययोजना तैयार करने तथा सभी संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर विस्तृत योजना बनाने का निर्देश दिया गया.

गोटरी बैंक शुरू करने और योजनाओं का प्रस्ताव तैयार करने का निर्देश

उपायुक्त ने जिला पशुपालन पदाधिकारी को गोटरी बैंक की शुरुआत करने का निर्देश दिया. साथ ही नाबार्ड एवं कृषि विज्ञान केंद्र के साथ समन्वय स्थापित कर कृषि एवं संबद्ध क्षेत्रों की सभी योजनाओं का विस्तृत प्रस्ताव एक सप्ताह के भीतर उपलब्ध कराने को कहा.

अभिलेख अद्यतन करने और बेहतर कार्य संस्कृति पर जोर

निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने कार्यालयों में नियमित साफ-सफाई, अभिलेखों के अद्यतन संधारण और बेहतर कार्य संस्कृति पर विशेष जोर दिया. उन्होंने कंटीजेंसी रजिस्टर, आगत-निर्गत पंजी और आवंटन रजिस्टर सहित विभिन्न अभिलेखों का निरीक्षण करते हुए सभी कार्यालयों को 15 दिनों के भीतर अभिलेख अद्यतन करने का निर्देश दिया. उपायुक्त ने अधिकारियों से कहा कि कार्यालय एक संस्थान है. अधिकारी बदलते रहते हैं, लेकिन संस्थान हमेशा रहता है. उन्होंने कहा कि जहां भी रहें, अपने कार्य से सकारात्मक प्रभाव छोड़ें. कृषि समाज और राज्य की अर्थव्यवस्था की रीढ़ है, इसलिए किसानों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जानी चाहिए.

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