Ranchi : झारखंड में राज्यसभा चुनाव का जब शंखनाद हुआ तो एक बात फैली. कांग्रेस से जुड़े लोगों का कहना था कि उनके आला पदाधिकारियों ने कहा है कि सभी वोटरों यानी विधायकों को कर्नाटक में कहीं रिजॉर्ट में शिफ्ट कर दी जाए. लेकिन कांग्रेस के अलावा जेएमएम ने शिफ्ट होने से मना कर दिया. जेएमएम के शीर्ष नेताओं का कहना था कि फिलहाल राज्य में एसआईआर का काम चल रहा है. ऐसे में विधायकों का राज्य में रहना जरूरी है. इसलिए जेएमएम के विधायक कर्नाटक शिफ्ट नहीं हुए. फिर उसके बाद अचानक से परिमल नाथवानी बीजेपी की तरफ से मैदान में उतरे. बोरिंग हो चुके राज्यसभा चुनाव में अचानक से ट्विटस आया. नाथवानी की एंट्री के बाद कहा जाने लगा कि क्रॉस वोटिंग अब हो कर रहेगी. कांग्रेस अचानक से बैकफुट पर चली गयी. लेकिन वोटिंग के ठीक पहले बीजेपी अब अपने वोटरों को बचाने की कोशिश में लग गयी है. सभी वोटरों को रेडिशन ब्लू होटल में शिफ्ट होने को कहा गया है. परिमल नाथवानी खुद कमान संभाले हुए हैं. ऐसे में तरह तरह की बात सामने आ रही है.
तो क्या डरे हुए हैं नाथवानी?
अक्सर देखा जाता है कि होटल या रिजॉर्ट पॉलिटिक्स तब शुरू होती है, जब खरीद फरोक्त का डर पार्टी को होने लगता है. इससे पहले कहा जा रहा था कि नाथवानी काफी मजबूत स्थिति में हैं. उन्हें बीजेपी के अलावा दूसरी पार्टी से भी वोट मिल सकता है. यहां तक कि नाथवानी की जीत की भी चर्चा होने लगी थी. लेकिन अचानक से बीजेपी के विधायकों को होटल में शिफ्ट करने के मायने क्या है. क्या सच में नाथवानी अब डरे हुए हैं? क्या उन्हें डर है कि बीजेपी के विधायक उन्हें धोखा दे सकते हैं. अगर बीजेपी से सभी विधायक लॉयल थे तो आखिर क्यों विधायकों को होटल में शिफ्ट करने की जरूरत पड़ी. खबर लिखे जाने तक बीजेपी के विधायकों का होटल में आना शुरू हो गया था. कहा जा रहा है कि विधायक अब एक साथ होटल से निकलेंगे और सीधा वोट देने के लिए विधानसभा पहुंचेंगे.
अब गठबंधन दिख रहा है कूल
दूसरी तरफ, अब गठबंधन पहले से ज्यादा कूल दिखायी दे रही है. सोमवार को सीएम हेमंत से मिलने के बाद कांग्रेस थोड़ा कूल दिखायी दे रही है. आज शाम यानी मंगलवार को सीएम आवास पर मॉक पोल भी किया जाएगा. ताकि एक एक वोट बचाया जा सके. कुछ दिन पहले तक कांग्रेसी खेमा काफी चिंतित दिखायी दे रहा था. उन्हें डर सता रहा था कि कहीं नाथवानी की एंट्री के बाद क्रॉस वोटिंग ना हो जाए. लेकिन माना जा रहा है कि सीएम हेमंत ने गठबंधन को पूरी तरह से संभालने का जिम्मा ले लिया है. पुख्ता सूत्रों का कहना है कि जेएमएम को 29 तो कांग्रेस को 27 वोट मिल सकता है. अगर ऐसा हुआ तो राज्यसभा की दोनों सीटों पर गठबंधन का कब्जा हो जाएगा. या फिर अगर नाथवानी की मैजिक चल जाती है तो खेला हो सकता है.



