Ranchi: मानदेय बढ़ाने और दैनिक मजदूरी लागू करने की मांग को लेकर झारखंड के 259 उद्यान मित्र बुधवार से रांची स्थित लोकभवन के सामने अनिश्चितकालीन धरने पर बैठ गए. राज्य के अलग-अलग जिलों से पहुंचे उद्यान मित्रों का कहना है कि वर्षों से किसानों के लिए काम करने के बावजूद उन्हें बेहद कम मानदेय मिल रहा है. धरना दे रहे उद्यान मित्रों ने बताया कि राज्य के प्रत्येक प्रखंड में एक उद्यान मित्र कार्यरत है. उनकी जिम्मेदारी किसानों को बागवानी योजनाओं की जानकारी देना, बीज वितरण, मशरूम और बागवानी का प्रशिक्षण, ग्रीन हाउस और पॉली हाउस योजनाओं में सहयोग, केसीसी आवेदन भरवाना, कृषि ऋण दिलाने में मदद, भूमि का सर्वे और मिट्टी की जांच जैसी कई महत्वपूर्ण सेवाएं देना है.
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साल 2019 से अब तक मानदेय में कोई बढ़ोतरी नहीं
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि शुरुआत में उन्हें प्रतिदिन 250 रुपये दिए जाते थे, लेकिन अब केवल 1500 रुपये प्रतिमाह मानदेय मिल रहा है, जो औसतन 50 रुपये प्रतिदिन के बराबर है. उनका आरोप है कि नियुक्ति के समय हर वर्ष मानदेय बढ़ाने का प्रावधान था, लेकिन 2019 से अब तक इसमें कोई बढ़ोतरी नहीं की गई. उद्यान मित्रों का कहना है कि वे कई बार जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के सामने अपनी मांग रख चुके हैं, लेकिन कोई ठोस फैसला नहीं हुआ. इसलिए अब वे श्रमिकों की तरह दैनिक मजदूरी और सम्मानजनक मानदेय की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन आंदोलन करने को मजबूर हुए हैं.


