Palamu : कांग्रेस के लोकसभा प्रभारी सह विधायक सुरेश बैठा ने सर्किट हाउस में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान खान और खनिज (विकास और विनियमन) संशोधन विधेयक (MMDR Bill Amendment) को लेकर केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला. उन्होंने केंद्र द्वारा लाए गए इस नए कानून को पूरी तरह काला कानून करार देते हुए कहा कि कांग्रेस पार्टी और झारखंड मुक्ति मोर्चा इसका पुरजोर विरोध करती हैं और इसे किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा.

विधायक सुरेश बैठा का केंद्र पर हमला
विधायक सुरेश बैठा ने कहा कि यह कानून न तो झारखंड के हित में है और न ही देश के. उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार इस विधेयक के जरिए झारखंड की समृद्ध खनिज संपदा को अपने पूर्ण नियंत्रण में लेना चाहती है. उन्होंने कहा कि संघीय ढांचे में प्राकृतिक संसाधन राज्य सरकार की संपत्ति होते हैं, लेकिन नए कानून की धारा 9D के तहत राज्य सरकार के टैक्स और लेवी लगाने के अधिकार छीन लिए गए हैं और अब इसका सारा निर्धारण केंद्र सरकार ही करेगी. देश को लगभग 40 प्रतिशत खनिज की आपूर्ति करने वाले झारखंड के अधिकारों का यह सीधा हनन है.
27 अगस्त से शुरू होगा विरोध
केंद्र के इस फैसले के खिलाफ आंदोलन की रूपरेखा साझा करते हुए उन्होंने बताया कि 27 अगस्त को सभी जिला मुख्यालयों में विरोध प्रदर्शन किया जाएगा. इसके बाद 7 सितंबर को राजभवन (लोक भवन) के समक्ष धरना-प्रदर्शन होगा, जबकि 9 से 16 सितंबर तक राज्य के सभी प्रखंड मुख्यालयों में पार्टी कार्यकर्ताओं द्वारा लगातार जोरदार धरना-प्रदर्शन आयोजित किया जाएगा. उन्होंने कृषि कानूनों का उदाहरण देते हुए कहा कि जिस तरह जनविरोध के आगे झुककर केंद्र सरकार को कृषि बिल वापस लेने पड़े थे, उसी तरह इस MMDR संशोधन बिल को भी वापस लेने के लिए मजबूर होना पड़ेगा.

