Simdega: बानो प्रखंड के बड़काडुईल गांव में जंगली हाथियों के लगातार उत्पात से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है. जानकारी के अनुसार दो जंगली हाथी पिछले कई दिनों से आसपास के जंगलों में डेरा जमाए हुए हैं और शाम होते ही गांव की ओर रुख कर खेतों में लगी फसलों को नुकसान पहुंचा रहे हैं. हाथियों द्वारा गर्मा धान समेत सब्जियों को रौंदे जाने से दर्जनों किसानों की मेहनत पर पानी फिर गया है. ग्रामीणों ने बताया कि खून-पसीने से खेत तैयार कर धान की बुवाई की गई थी, लेकिन हाथियों ने खेतों में घुसकर फसल को पूरी तरह बर्बाद कर दिया. इससे किसानों को भारी आर्थिक नुकसान हुआ है और उनकी आजीविका पर संकट खड़ा हो गया है.
ग्रामीणों को सतर्क रहने की सला
मामले की जानकारी मिलने पर जिला परिषद सदस्य बिरजो कंडुलना ने वन विभाग के अधिकारियों से संपर्क कर तत्काल राहत एवं बचाव सामग्री उपलब्ध कराने की मांग की. इसके बाद वन विभाग की टीम गांव पहुंची और ग्रामीणों के बीच टॉर्च, मोबिल तथा जूट बोरा का वितरण किया गया, ताकि हाथियों से बचाव में मदद मिल सके. मौके पर मौजूद अधिकारियों ने ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह दी.
झामुमो केंद्रीय सदस्य सह जिला परिषद बिरजो कंडुलना ने कहा कि ग्रामीण समूह बनाकर सजगता के साथ हाथियों को दूर खदेड़ें और गांव में अलाव की व्यवस्था रखें. उन्होंने आश्वासन दिया कि जल्द ही अन्य टोला के लोगों को भी बचाव सामग्री उपलब्ध कराई जाएगी. प्रभारी वनपाल सुरेश टेटे ने ग्रामीणों को चेतावनी दी, कि रात में अकेले बाहर न निकलें और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत विभाग को सूचना दें. मौके पर वन विभाग के मनीष डुंगडुंग, उदय प्रताप सिंह, बिल्तुस लुगुन सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे.
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