बजट सत्र: बाबूलाल बोले- मंत्री अपना दायित्व समझें, राधाकृष्ण ने कहा- सभी मंत्री जिम्मेदार हैं

रांची: झारखंड विधानसभा में चल रहे बजट सत्र के 10वें दिन प्रकाश राम के सवाल पर सत्ता पक्ष और विपक्ष आमने-सामने आ...

रांची: झारखंड विधानसभा में चल रहे बजट सत्र के 10वें दिन प्रकाश राम के सवाल पर सत्ता पक्ष और विपक्ष आमने-सामने आ गए. प्रकाश राम ने मैक्लुस्किगंज में पर्यावरण से जुड़ा मामला सदन में उठाया. इस पर उन्हें खान विभाग की ओर से जवाब मिला कि यह खान विभाग का मामला नहीं है. इस पर मंत्री सुदिव्य सोनू ने कहा कि यदि एक ही प्रश्न में कई मुद्दे होंगे तो विषय डायल्यूट हो जाएगा. विधायक प्रदीप यादव ने कहा कि इस मामले में विधानसभा सचिवालय को और मेहनत करनी चाहिए.

बाबूलाल मरांडी ने मंत्रियों की तैयारी पर उठाया सवाल

नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने कहा कि मंत्री अपने अधिकारियों के साथ बैठकर विभागीय कामों की समीक्षा करते हैं, इसलिए उन्हें अपना दायित्व समझना चाहिए. उन्होंने कहा कि कई मंत्री बिना तैयारी के सदन में आते हैं.

संसदीय कार्य मंत्री का जवाब

इस पर संसदीय कार्य मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने कहा कि सभी मंत्री जिम्मेदार हैं और हर फाइल को सोच-समझकर ही आगे बढ़ाया जाता है.

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विधायकों के फंड का पोर्टल नहीं खुलने का मुद्दा

इस दौरान विधायक सी.पी. सिंह ने कहा कि विधायकों का पैसा जमा है, लेकिन पोर्टल नहीं खुल रहा है. उन्होंने बताया कि इस संबंध में रांची के उपायुक्त और संबंधित अधिकारियों से भी बात की, यहां तक कि मुख्यमंत्री को भी जानकारी दी, फिर भी लॉक नहीं खुला. उन्होंने कहा कि यदि समस्या का समाधान नहीं होता है तो उन्हें इस जिम्मेदारी से मुक्त किया जाए.

तीन दिन में पोर्टल खोलने का आश्वासन

इस पर संसदीय कार्य मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने आश्वासन दिया कि अगले तीन दिनों के भीतर पोर्टल खोल दिया जाएगा.

टोल प्लाजा का मुद्दा भी उठा

विधायक प्रदीप यादव ने सरैयाहाट के टोल प्लाजा का मुद्दा उठाते हुए कहा कि वहां टोल टैक्स लिया जा रहा है और पोड़ैयाहाट में भी टोल वसूला जा रहा है. उन्होंने कहा कि मात्र 26 किलोमीटर के दायरे में दो बार टोल टैक्स वसूला जा रहा है, जिससे आम लोगों और गरीबों का शोषण हो रहा है.

चास की जमीन का मामला सदन में

विधायक उमाकांत रजक ने बोकारो के चास क्षेत्र में 21 एकड़ गैर-मजरुआ जमीन का मामला सदन में उठाया और कहा कि इसमें फर्जीवाड़ा हुआ है.

सरकारी जमीन की जांच की मांग

विधायक अरूप चटर्जी ने कहा कि पूरे राज्य की सरकारी जमीन की जांच कराई जानी चाहिए. इस पर मंत्री ने जवाब दिया कि कोर्ट का फैसला आने के बाद ही इस मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी.

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