Koderma : सदर अस्पताल समेत जिले के सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में कार्यरत आउटसोर्सिंग कर्मियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल गुरुवार को तीसरे दिन भी जारी रही. कर्मी आउटसोर्सिंग कंपनी कमांडो इंडस्ट्रियल सिक्योरिटी फोर्स, हजारीबाग के खिलाफ न्यूनतम मजदूरी के आधार पर वेतन भुगतान और पिछले छह माह से लंबित मानदेय के भुगतान की मांग को लेकर सदर अस्पताल परिसर में धरना दे रहे हैं.
कर्मियों की मांगें जायज हैं : अध्यक्ष असीम सरकार
धरना स्थल पर पहुंचे झारखंड राज्य किसान सभा के अध्यक्ष असीम सरकार ने आंदोलन को समर्थन देते हुए कहा कि श्रम कानून के तहत न्यूनतम वेतन प्राप्त करना कर्मचारियों का अधिकार है. उन्होंने कहा कि कर्मियों की मांगें जायज हैं और यदि कमांडो कंपनी तथा सिविल सर्जन की ओर से जल्द पहल नहीं की गई तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ने पर किसान सभा के कार्यकर्ता भी आंदोलन में शामिल होंगे।
कर्मियों ने दी चेतावनी
धरना को सीटू के राज्य सचिव संजय पासवान, झारखंड चिकित्सा और जनस्वास्थ्य कर्मचारी संघ के राज्य महामंत्री शैलेन्द्र तिवारी, कर्मचारी नेता दिनेश रविदास और सीटू जिलाध्यक्ष प्रेम प्रकाश ने भी संबोधित किया. वक्ताओं ने कहा कि लंबे समय से मानदेय नहीं मिलने से कर्मियों को आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. हड़ताल में रंजीत राम, रजनी सिन्हा, शेखर कुमार, अभिजीत कुमार, सत्येंद्र यादव, विशाल राणा, पिंटू पंडित, राहुल वर्मा, निकिता सिन्हा, रानी सिन्हा, सुमा देवी, अमन कुमार समेत सैकड़ों आउटसोर्सिंग कर्मचारी शामिल रहे. कर्मियों ने चेतावनी दी है कि जब तक उनकी मांगों पर ठोस कार्रवाई नहीं होती, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा.
