Ranchi: नामकुम प्रखंड अंतर्गत हरदाग पंचायत के दर्जीतोरार गांव में पेयजल की गंभीर समस्या को लेकर रविवार को ग्रामीणों का आक्रोश खुलकर सामने आया. इस मुद्दे पर एक अहम आमसभा का आयोजन किया गया, जिसकी अगुवाई ग्राम प्रधान बिरसा मुंडा और एसीएस प्रखंड अध्यक्ष निशांत तिर्की ने संयुक्त रूप से की.
पानी की किल्लत से जूझ रहे ग्रामीण
सभा में बड़ी संख्या में उपस्थित ग्रामीणों ने एक स्वर में कहा कि गांव में पानी की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण उन्हें रोजमर्रा के कामकाज में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. भीषण गर्मी के बीच जलस्तर गिरने और खेतों में बने जलस्रोतों के दूषित हो जाने से स्थिति और भी चिंताजनक हो गई है. हालात ऐसे हैं कि लोगों को दूर-दराज के क्षेत्रों से पानी लाना पड़ रहा है.
दूषित पानी से बढ़ रहा स्वास्थ्य संकट
ग्रामीणों ने बताया कि मजबूरी में दूषित पानी पीने से डायरिया जैसी बीमारियां फैल रही हैं, जिससे स्वास्थ्य संकट भी गहराता जा रहा है.
नेतृत्व ने उठाई अधिकारों की बात
सभा को संबोधित करते हुए ग्राम प्रधान बिरसा मुंडा ने कहा कि पानी जैसी बुनियादी सुविधा का अभाव ग्रामीणों के मौलिक अधिकारों का हनन है. वहीं निशांत तिर्की ने प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि जल्द ही जलापूर्ति व्यवस्था दुरुस्त नहीं की गई, तो ग्रामीण प्रखंड कार्यालय का घेराव करने को बाध्य होंगे.
मांग पत्र सौंपने का निर्णय
बैठक के अंत में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि समस्या के समाधान के लिए एक मांग पत्र संबंधित विभाग और प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) को सौंपा जाएगा. इस अवसर पर बड़ी संख्या में ग्रामीण महिला-पुरुष उपस्थित रहे.
