Dhanbad : बरवाअड्डा थाना क्षेत्र में फर्जी हस्ताक्षर के जरिए जाति प्रमाणपत्र और वंशावली बनवाने के विवाद ने गंभीर रूप ले लिया. शुक्रवार की देर रात थाना परिसर में विधायक जयराम महतो के समर्थकों और स्थानीय बड़ापिछरी पंचायत की मुखिया के समर्थकों के बीच जोरदार झड़प और मारपीट हुई. इस घटना के बाद से पूरे इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है.

क्या है पूरा मामला?
मामले की शुरुआत बड़ापिछरी पंचायत की मुखिया यशोदा द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत से हुई. मुखिया ने गांव के ही गणेश दास पर उनके फर्जी हस्ताक्षर का इस्तेमाल कर जाति प्रमाणपत्र और वंशावली तैयार कराने का आरोप लगाया था. इस शिकायत के आधार पर बरवाअड्डा थाना में कांड संख्या 129/24 दर्ज किया गया था. आरोपी गणेश दास जेएलकेएम के एससी मोर्चा के सचिव बताए जाते हैं.
पुलिस से उलझने पर दूसरा मामला दर्ज
शुक्रवार को जब पुलिस गणेश दास को इसी मामले में नोटिस तामील कराने पहुंची, तो आरोप है कि वह पुलिसकर्मियों के साथ बहस और उलझन में पड़ गया. इसके बाद पुलिस उसे पकड़कर थाने ले आई. थाने में सरकारी कार्य में बाधा डालने और पुलिस के साथ दुर्व्यवहार करने के आरोप में गणेश दास पर एक और नया मामला दर्ज किया गया.
थाने में बढ़ा विवाद और मारपीट
आरोप है कि विधायक जयराम महतो ने थाना प्रभारी रवि कुमार को फोन कर आरोपी को छोड़ने का दबाव बनाया. थाना प्रभारी द्वारा मना करने पर विधायक खुद अपने समर्थकों के साथ शुक्रवार रात बरवाअड्डा थाना पहुंचे.
इसी दौरान मुखिया यशोदा के समर्थक भी बड़ी संख्या में थाने में जमा हो गए. दोनों पक्षों के बीच कहासुनी शुरू हुई जो देखते ही देखते मारपीट में बदल गई.
घटना के बाद विधायक जयराम महतो ने आरोप लगाया कि पुलिस ने हिरासत में लिए गए युवक गणेश दास के साथ मारपीट की है. घटना को लेकर फिलहाल पुलिस का आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है. पुलिस स्थिति पर नजर बनाए हुए है और पूरे घटनाक्रम तथा मारपीट के मामले की जांच कर रही है.

